जी-7 की बैठक के लिए इटली में एकजुट हुए दुनिया के नेता, मोदी भी हुए रवाना

जी-7 देशों के राष्ट्राध्यक्षों की बैठक में रूस-यूक्रेन युद्ध, ग़ज़ा-इसराइल युद्ध, जलवायु परिवर्तन, प्रवासी मुद्दे, तकनीक और अन्य मुद्दों पर चर्चा होनी है.

सारांश

  • नीट-यूजी में ग्रेस मार्क्स दिए गए 1,563 छात्रों के लिए दोबारा होगी परीक्षा. एनटीए ने नोटिफ़िकेशन जारी कर बताया 23 जून को होंगे एग्ज़ाम.
  • पीएम नरेंद्र मोदी जी7 शिखर सम्मेलन में शामिल होने इटली रवाना हुए. तीसरी बार पीएम पद की शपथ लेने के बाद मोदी का यह पहला विदेश दौरा है.
  • अजीत डोभाल को एक बार फिर राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नियुक्त कर दिया गया है.
  • चीन और पाकिस्तान के संयुक्त बयान में जम्मू और कश्मीर पर की गई टिप्पणी पर भारत के विदेश मंत्रालय ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.
  • पेमा खांडू ने लगातार तीसरी बार अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है. चोओना मीन ने उप मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ली.

लाइव कवरेज

दीपक मंडल

  1. सीरिया के एयरबेस पर इसराइल ने किया हमला, अमेरिका ने ये कहा

    सीरिया के अबू अल-दुहूर एयरबेस पर इसराइल ने हवाई हमले किए हैं

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    इमेज कैप्शन, सीरिया के अबू अल-दुहूर एयरबेस पर इसराइल ने हवाई हमले किए हैं (सांकेतिक तस्वीर)

    अमेरिका ने उत्तर पश्चिमी सीरिया के इदलिब प्रांत में एक सैन्य हवाई अड्डे पर इसराइली हमलों की निंदा करते हुए इन्हें बेवजह "तनाव को बढ़ाने वाला" बताया.

    सीरिया और इराक़ के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति के विशेष दूत टॉम बैरक ने कहा कि व्हाइट हाउस सभी पक्षों को सैन्य कार्रवाई के बजाय बातचीत का सहारा लेने के लिए प्रोत्साहित करता है.

    उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, "हम इस बात को लेकर बेहद चिंतित हैं कि अबू अल-दुहूर एयरबेस पर इसराइल की हवाई कार्रवाई एक अनावश्यक तनाव बढ़ाने वाला कदम है, जो क्षेत्रीय स्थिरता को आगे नहीं बढ़ाने वाला नहीं है."

    "अल-शरा (सीरिया के राष्ट्रपति) सरकार ने न तो आक्रामक रुख़ अपनाया है और न ही प्रॉक्सी बलों को बनाए रखा है. इसके बजाय, उसने बार-बार इसराइल के साथ तनाव कम करने की इच्छा जताई है. अमेरिका पहले भी दोनों देशों के बीच सैन्य कार्रवाई के बजाय कूटनीतिक संवाद को बढ़ावा देने के लिए वार्ता की मेजबानी करता रहा है और आगे भी ऐसा करता रहेगा."

    उन्होंने कहा कि अमेरिका का अब भी मानना है कि संयम और बातचीत अधिक रचनात्मक रास्ता है और "हम सभी पक्षों से अपील करते हैं कि वे आगे की सैन्य घटनाओं के बजाय तर्कसंगत संवाद को प्राथमिकता दें."

    क़तर ने सीरिया के अबू अल-दुहूर एयरबेस को निशाना बनाकर किए गए इसराइली हवाई हमलों की कड़ी निंदा की है.

    क़तर के विदेश मंत्रालय ने एक बयान में इसे सीरिया की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का खुला उल्लंघन बताया है. साथ ही, इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के प्रावधानों का स्पष्ट उल्लंघन बताया है.

    बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़ सीरियाई विदेश मंत्रालय ने हवाई अड्डे पर हुए इस हमले को "अन्यायपूर्ण" बताया था और इसकी निंदा की.

  2. ब्रेकिंग न्यूज़, दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन गिरफ़्तार, जानिए क्या है मामला

    सत्येंद्र जैन (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, सत्येंद्र जैन (फ़ाइल फ़ोटो)

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़ दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री और आम आदमी पार्टी के नेता सत्येंद्र जैन को गिरफ़्तार किया गया है. यह गिरफ़्तारी पिछली (आप) सरकार के दौरान दिल्ली जल बोर्ड में कथित भ्रष्टाचार को लेकर हुई है.

    पीटीआई ने बताया, एसटीपी (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) की टेंडर प्रक्रिया से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामले में भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने जैन और दिल्ली जल बोर्ड के पूर्व सीईओ समेत छह लोगों को गिरफ़्तार किया है.

    सत्येंद्र जैन की गिरफ़्तारी पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने एक्स पर लिखा, "अब और कितने सबूत चाहिए कि बीजेपी को आम आदमी पार्टी से डर लगता है."

    "जिस जल बोर्ड टेंडर का हवाला दे रहे हैं उस वक्त सत्येंद्र जी जेल में थे, बताओ जेल से कैसे ज़िम्मेदार हो गए? असली वजह ये है कि सत्येंद्र जैन पंजाब के सह प्रभारी हैं और पंजाब में चुनाव आ रहा है."

    अनुराग ढांडा ने कहा कि टेंडर अक्तूबर 2022 में हुआ और सत्येंद्र जैन जी को बीजेपी ने "फर्जी केस में मई 2022 से ही जेल में डाल रखा था."

    उनका कहना है कि यह "बिना सिर-पैर के राजनीतिक शत्रुता की वजह से की गई साज़िश है क्योंकि बीजेपी पंजाब में चुनाव लड़कर आप का सामना नहीं कर सकती, इसलिए सह प्रभारी को गिरफ़्तार कर लिया गया."

    सत्येंद्र जैन को मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मई 2022 में गिरफ़्तार किया था.

    जैन को 2017 में दर्ज मनी लॉन्ड्रिंग से जु़ड़े एक केस में गिरफ़्तार किया गया था. ईडी ने भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत उनके ख़िलाफ़ मामला दर्ज़ किया था. उनके ख़िलाफ़ चार कंपनियों के जरिये पैसे के अवैध लेन-देने का आरोप लगाया गया था.

    सत्येंद्र जैन को अक्तूबर 2024 में दिल्ली की एक अदालत ज़मानत दी थी.

    अदालत ने मुक़दमे में देरी और 18 महीने की लंबी क़ैद को ध्यान में रखते हुए सत्येंद्र जैन को ज़मानत दी थी.

  3. हूती लड़ाकों ने सऊदी अरब की अरामको रिफ़ाइनरी पर ड्रोन हमले का किया दावा

    यमन के गृहयुद्ध के दौरान सऊदी अरब के नेतृत्व वाला गठबंधन हूती हथियारबंद गुट के ख़िलाफ़ सरकारी सेना का समर्थन करता रहा है (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, यमन के गृहयुद्ध के दौरान सऊदी अरब के नेतृत्व वाला गठबंधन हूती हथियारबंद गुट के ख़िलाफ़ सरकारी सेना का समर्थन करता रहा है (फ़ाइल फ़ोटो)

    यमन के हूती विद्रोहियों ने दावा किया है कि उन्होंने एक बार फिर जिजान में सऊदी अरब की अरामको कंपनी के तेल ठिकानों पर ड्रोन हमला किया है.

    बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़, हूती समाचार एजेंसी सबा न्यूज़ ने कहा है कि 'यह हमला हवाई क्षेत्र के उल्लंघन के बदले में किया गया.'

    समाचार एजेंसी ने एक सैन्य सूत्र के हवाले से बताया कि यमन के सदा और हज्जा प्रांतों के हवाई क्षेत्र के उल्लंघन के जवाब में हूती हथियाबंद समूह ने जिजान में अरामको रिफाइनरी के ठिकानों को कई ड्रोन से निशाना बनाया.

    ईरान के सहयोगी हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब की ओर से लगाई गई नौसैनिक नाकाबंदी के जवाब में नौसैनिक नाकाबंदी की घोषणा की है और लाल सागर में सऊदी तेल टैंकरों के साथ-साथ यमन के सरकारी फ़ोर्स पर भी हमला किया है.

    उन्होंने बार-बार सऊदी अरब के तेल से जुड़े बुनियादी ढांचे और हवाई अड्डों को भी निशाना बनाया है.

    यमन के गृहयुद्ध के दौरान सऊदी अरब के नेतृत्व वाला गठबंधन सरकारी सेना का समर्थन करता रहा है.

    यमन के उत्तर-पश्चिम के एक बड़े इलाक़े पर ईरान समर्थित हूती हथियारबंद गुट का नियंत्रण है.

    इस इलाक़े में लाल सागर में जहाज़ों पर हुए हालिया हमलों ने समुद्री व्यापार को लेकर बड़ी चिंता खड़ी कर दी है. इसी साल फ़रवरी में ईरान की ओर से होर्मुज़ स्ट्रेट को बंद किए जाने के बाद कुछ टैंकर इस वैकल्पिक समुद्री मार्ग का इस्तेमाल कर रहे हैं.

    सोमवार को भी हूती विद्रोहियों ने दावा किया था कि उन्होंने लाल सागर में सऊदी अरब के एक सैन्य जहाज़ और उसके साथ चल रहे चार अन्य जहाज़ों को मिसाइल से निशाना बनाया है.

  4. सीजेपी एफ़आईआर रद्द न होने से नाराज़, सुप्रीम कोर्ट की हाई पावर्ड कमेटी क्या करेगी?

  5. अमित शाह के बयान पर पाकिस्तान की प्रतिक्रिया पर बोला भारतीय विदेश मंत्रालय

    अमित शाह

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    इमेज कैप्शन, अमित शाह ने कहा था कि भारतीय सुरक्षा बलों ने स्वतंत्रता दिवस से पहले अभियान चलाकर पाकिस्तान स्थित 'आईएसआई समर्थित शहज़ाद भट्टी नेटवर्क' को ख़त्म कर दिया (फ़ाइल फ़ोटो)

    शहज़ाद भट्टी नेटवर्क पर गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर पाकिस्तान की टिप्पणी के बाद भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने प्रतिक्रिया दी है.

    रणधीर जायसवाल ने कहा, "भारत सरकार ने अपना पक्ष सामने रखा है और यही हमारा रुख़ है. जहां तक आतंकवाद के मामलों की बात है तो ये बेहद गंभीर मुद्दे हैं. हम चाहते हैं कि वैश्विक समुदाय ऐसी कार्रवाइयों की गंभीरता को समझे."

    उन्होंने कहा, "भारत आतंकवाद से बुरी तरह प्रभावित रहा है. पिछले कई वर्षों में हमने वैश्विक स्तर पर आतंकवाद, जिसमें सीमा पार आतंकवाद भी शामिल है, उससे लड़ने के लिए अंतरराष्ट्रीय कार्रवाई को मज़बूत करने और उसे गति देने के काफ़ी प्रयास किए हैं."

    रणधीर जायसवाल

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    इमेज कैप्शन, भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने मंगलवार को साप्ताहिक प्रेस ब्रीफ़िंग की थी

    रणधीर जायसवाल ने कहा, "आतंकवाद से निपटने की हमारी लड़ाई जारी रहेगी. आतंकवाद के इस ख़तरे को हराने के लिए इस संबंध में जो भी कार्रवाई ज़रूरी होगी, हम उसे जारी रखेंगे."

    इससे पहले गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि भारतीय सुरक्षा बलों ने स्वतंत्रता दिवस से पहले 14 राज्यों में अभियान चलाकर पाकिस्तान स्थित 'आईएसआई समर्थित शहज़ाद भट्टी नेटवर्क' को ख़त्म कर दिया है और 200 से अधिक ऑपरेटिव्स को गिरफ़्तार किया है.

    अमित शाह के इस बयान पर पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने प्रतिक्रिया दी थी.

    उसने सोमवार को बयान जारी कर गृह मंत्री अमित शाह के आरोपों को सिरे से ख़ारिज किया और कहा कि भारत ने अपने यहां हुई कुछ गिरफ़्तारियों को पाकिस्तान से जोड़ने की कोशिश की है.

    पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने कहा, "ऐसा प्रचार पाकिस्तान के ख़िलाफ़ भारत के ग़लत अभियान का एक और उदाहरण है. भारत अपने आंतरिक सुरक्षा संकट से ध्यान भटकाने और घरेलू राजनीतिक हितों के लिए पाकिस्तान को ज़िम्मेदार ठहराने की कोशिश कर रहा है."

  6. एक शख़्स के ब्लैडर से निकली तीन किलो की पथरी, शुतुरमुर्ग के अंडे जैसा है साइज़

  7. ट्रंप ने की घोषणा- 'होर्मुज़ स्ट्रेट' अमेरिका का क्षेत्र, ईरान ने दिया ये जवाब

    डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को चेतावनी दी थी कि वो होर्मुज़ स्ट्रेट को अमेरिका का क्षेत्र घोषित कर देंगे

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    इमेज कैप्शन, डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को चेतावनी दी थी कि वो होर्मुज़ स्ट्रेट को अमेरिका का क्षेत्र घोषित कर देंगे (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में होर्मुज़ स्ट्रेट को 'अमेरिका का क्षेत्र' होने की घोषणा की है.

    ट्रंप ने होर्मुज़ स्ट्रेट का एक नक्शा भी शेयर किया है, जिसके ऊपर इसे अमेरिका का इलाक़ा बताया है.

    होर्मुज़ स्ट्रेट को लेकर ट्रंप के ताज़ा दावे के बाद ईरानी विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी राष्ट्रपति को "भ्रमित" बताया.

    ईरान के उप विदेश मंत्री काज़ेम ग़रीबाबादी ने एक्स पर लिखा, "जिस तरह डोनाल्ड ट्रंप ने फ़ारस की खाड़ी का नाम सही ढंग से लिखना सीख लिया, उसी तरह हम भी जल्द ही होर्मुज़ स्ट्रेट के बारे में उनकी ग़लतफ़हमी दूर कर देंगे."

    ग़रीबाबादी ने अपनी पोस्ट में डोनाल्ड ट्रंप की ओर से जारी की गई होर्मुज़ स्ट्रेट की तस्वीर भी साझा की.

    होर्मुज़ स्ट्रेट
    इमेज कैप्शन, होर्मुज़ स्ट्रेट समुद्री व्यापार, ख़ासकर तेल और गैस की सप्लाई के लिए काफ़ी अहम है

    ट्रंप ने शुक्रवार को न्यूयॉर्क की एक रैली में कहा कि वो जल्द ही होर्मुज़ स्ट्रेट को अमेरिका का क्षेत्र घोषित कर देंगे, इसे ईरान ने हास्यास्पद बताया था.

    ईरानी विदेश मंत्रालय के संसदीय महानिदेशक हुसैन नौशाबादी ने सरकारी न्यूज़ एजेंसी आईआरएनए से कहा था, "इस तरह के हास्यास्पद, बेतुके और विवादास्पद बयान केवल डोनाल्ड ट्रंप अपने देश के लोगों को ख़ुश करने के लिए देते हैं."

  8. चमोली: टीएचडीसी टनल रेस्क्यू अभियान पूरा, 12 मज़दूरों को बचाया गया और 10 की हुई मौत, आसिफ़ अली, बीबीसी न्यूज़ हिन्दी के लिए

    पीपलकोटी टनल में चल रहा बचाव अभियान पूरा हो गया

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    इमेज कैप्शन, पीपलकोटी टनल में चल रहा बचाव अभियान पूरा हो गया है

    उत्तराखंड के चमोली में मायापुर-पीपलकोटी में टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल में 13 अगस्त को हुए हादसे के बाद खोज और बचाव अभियान मंगलवार को पूरा कर लिया गया.

    रेस्क्यू टीमों ने टनल में फंसे और लापता सभी मज़दूरों को बाहर निकाल लिया है.

    ज़िला प्रशासन के मुताबिक़, इस हादसे में कुल 12 मज़दूरों को सुरक्षित बाहर निकाला गया, जबकि 10 श्रमिकों की मौत हुई है.

    13 अगस्त की शाम को इस टनल में पानी का रिसाव और भूस्खलन होने के बाद कई मज़दूर अंदर फंस गए थे. इसके बाद ज़िला प्रशासन की निगरानी में एसडीआरएफ़, एनडीआरएफ़ और अन्य रेस्क्यू टीमों का अभियान चल रहा था.

    ज़िलाधिकारी गौरव कुमार ने बताया कि अभियान के पहले दिन 19 श्रमिकों को बाहर निकाला गया था. इनमें 12 घायल और सात मृत श्रमिक शामिल थे.

    बाद में एक और श्रमिक का शव निकाला गया और लगभग पांच दिनों तक चले इस रेस्क्यू अभियान के अंतिम चरण में 18 अगस्त को दो और श्रमिकों के शव बरामद किए गए.

    ज़िला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी के मुताबिक़, मृतकों में दो उत्तराखंड, तीन उत्तर प्रदेश, चार छत्तीसगढ़ और एक झारखंड के श्रमिक शामिल हैं.

  9. राम माधव की वापसी का पीएम मोदी और अमित शाह के लिए क्या मतलब है?

  10. जेन ज़ी शराब की जगह एंग्ज़ाइटी कम करने वाली दवाओं का क्यों ले रहे हैं सहारा?

  11. स्वतंत्र पत्रकार रवि नायर के घरों पर पुलिस की छापेमारी के ख़िलाफ़ मीडिया संगठनों ने जताया विरोध

    प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया

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    इमेज कैप्शन, प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया ने कहा है कि एक स्वतंत्र पत्रकार को इस तरह निशाना बनाया जाना अस्वीकार्य है (फ़ाइल फ़ोटो)

    प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया (पीसीआई) ने स्वतंत्र पत्रकार रवि नायर के ख़िलाफ़ गुजरात पुलिस की छापेमारी की ख़बर पर चिंता जताई है.

    यह कार्रवाई 17 अगस्त को पत्रकार रवि नायर के दिल्ली और केरल स्थित आवास पर की गई.

    पीसीआई ने कहा, "पुलिस ने पांच डिवाइस ज़ब्त किए हैं. इनमें नायर के बेटे और उनके सहयोगी साची हेगड़े के कुछ डिवाइस भी शामिल हैं, जो उस समय उनके घर पर मौजूद थे. किसी भी डिवाइस के लिए हैश वैल्यू उपलब्ध नहीं कराई गई. यह बेहद चिंताजनक है. हैश वैल्यू के बिना यह पता लगाना संभव नहीं है कि ज़ब्ती के बाद किसी डिवाइस के साथ छेड़छाड़ की गई है या नहीं."

    पीसीआई ने कहा है कि नायर के बेटे और हेगड़े का इस मामले या उस पोस्ट से कोई संबंध नहीं था, जिसके आधार पर मामला दर्ज किया गया है. ऐसे में उनके डिवाइस भी ज़ब्त किया जाना अस्वीकार्य है.

    प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया के मुताबिक़, यह मामला अक्तूबर 2025 में नायर की ओर से सोशल मीडिया एक्स पर किए गए एक पोस्ट से जुड़ा है.

    यह पोस्ट उस ख़बर के बारे में थी, जिसे उन्होंने 'वॉशिंगटन पोस्ट' में सह-लेखक के तौर पर लिखा था. ख़बर में दावा किया गया था कि केंद्र सरकार ने एलआईसी को अडानी समूह में 3.9 अरब डॉलर तक निवेश करने का निर्देश दिया था.

    पीसीआई ने कहा, "यह भी उल्लेखनीय है कि अडानी समूह के एक कर्मचारी की ओर से दर्ज कराई गई एफ़आईआर में ख़बर के फ़र्ज़ी होने का आरोप लगाया गया है. एफ़आईआर में केवल नायर का नाम है. इसमें उनके सह-लेखक या अंतरराष्ट्रीय प्रकाशन का नाम नहीं है."

    प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया ने कहा है कि एक स्वतंत्र पत्रकार को इस तरह निशाना बनाया जाना अस्वीकार्य है.

    उसने पुलिस और सरकारी एजेंसियों से ऐसे तरीके अपनाना बंद करने की अपील की है, जो उन मूल सिद्धांतों को कमज़ोर करते हैं, जिन पर स्वतंत्र भारत का निर्माण हुआ था.

    डीआईजीआईपीयूबी न्यूज़ इंडिया फ़ाउंडेशन ने जताई चिंता

    रवि नायर (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, रवि नायर (फ़ाइल फ़ोटो)

    डिजिटल मीडिया संगठनों की ओर से बनाए गए डीआईजीआईपीयूबी न्यूज़ इंडिया फ़ाउंडेशन ने भी इस कार्रवाई का विरोध किया है और इस पर चिंता जताई है.

    डीआईजीआईपीयूबी न्यूज़ इंडिया फ़ाउंडेशन ने कहा, "यह तलाशी अहमदाबाद की एक अदालत की ओर से जारी वारंट के आधार पर की गई. हमारी चिंता इस बात को लेकर है कि अदालत ने ऐसी तलाशी का आदेश दिया और इसे किस तरीके से अंजाम दिया गया."

    उसने कहा, "ऐसे हालात से प्रेस की स्वतंत्रता और पत्रकारों के साथ समान व्यवहार के सिद्धांत को लेकर भी महत्वपूर्ण चिंताएं पैदा होती हैं. संबंधित रिपोर्टिंग 'द वॉशिंगटन पोस्ट' में प्रकाशित एक जांच पर आधारित थी. ऐसे में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि इस रिपोर्टिंग से जुड़े भारतीय पत्रकार के ख़िलाफ़ ही यह कार्रवाई क्यों की गई."

    डीआईजीआईपीयूबी ने मांग की है कि इस मामले में जो अभियुक्त नहीं हैं उनके डिवाइस फ़ौरन लौटाए जाएं और हर डिवाइस की ज़ब्ती का स्पष्ट क़ानूनी आधार बताया जाए और डिजिटल सबूतों से जुड़े सुरक्षा उपायों का सख़्ती से पालन किया जाए.

  12. कार्टून: कुछ अलग हो जाये

    छात्रों के प्रदर्शन को लेकर रामदेव की टिपण्णी पर आज का कार्टून
    इमेज कैप्शन, छात्रों के प्रदर्शन को लेकर रामदेव की टिपण्णी पर आज का कार्टून
  13. सीजेपी ने केंद्र सरकार से कहा, 'देरी की रणनीति वाला खेल हमसे न खेलें, यह बर्दाश्त नहीं'

    सीजेपी प्रवक्ता सौरव दास

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    इमेज कैप्शन, सौरव दास ने आरोप लगाया है कि सरकार की मंशा ठीक नहीं है

    कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा है कि प्रदर्शनकारी स्टूडेंट्स पर दर्ज एफ़आईआर के मामले में सरकार की मंशा सही नहीं है.

    मंगलवार को इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई पर सौरव दास ने प्रतिक्रिया दी है.

    उन्होंने कहा, "सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता कोर्ट में हां बोल रहे हैं, कोर्ट जब मांग रहा है कि एफ़आईआर की लिस्ट दीजिए, जो हमें ख़त्म करनी है तो आप वो लिस्ट दे क्यों नहीं रहे हैं."

    उन्होंने कहा, "प्रदर्शनकारी स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर रद्द होनी चाहिए. यह कैसे किया जाए, माननीय न्यायाधीश तय कर सकते हैं. साथ ही प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले असामाजिक तत्वों की जांच होनी चाहिए."

    सौरव दास ने कहा, "इस मुद्दे पर पिछली सुनवाई कई दिन पहले हुई थी, आज फिर वही स्थिति है. मैं आपको बता रहा हूं, मंशा सही नहीं है. उन लोगों ने क़रीब 2800 अपराधियों की पहचान की है, उनके ख़िलाफ़ अगर एक्शन लेना है तो वो अलग मुद्दा है."

    "लेकिन स्टूडेंट का, प्रदर्शनकारियों का जो मुद्दा है वो एफ़आईआर से जुड़ा हुआ है. आप कोर्ट में हां बोल रहे हैं लेकिन जो एक्शन लेना है उस पर हिचक रहे हैं, तो आपकी मंशा नहीं दिखती है. हम इसे स्वीकार नहीं करेंगे. हमारे साथ 'देर करने वाली रणनीति' मत खेलिए.

    उन्होंने कहा, "अगर ऐसे लोगों (पहले से गंभीर अपराध में शामिल) ने प्रदर्शन में शामिल होकर कोई अपराध किया है तो उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई कीजिए. लेकिन इसकी आड़ में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करेंगे तो उसे हम बर्दाश्त नहीं करेंगे."

    इससे पहले मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग में प्रदर्शन करने वाले स्टूडेंट के ख़िलाफ़ दर्ज एफ़आईआर को रद्द करने की मंशा जताई.

    लाइव लॉ के मुताबिक़, सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि 2,873 लोगों को छोड़कर, जिनके ख़िलाफ़ हत्या, रेप, अपहरण जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े मामले हैं, बाक़ी लोगों के ख़िलाफ़ मामले रद्द किए जा सकते हैं.

    दरअसल जुलाई महीने में तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े और अन्य शिक्षा सुधारों की मांग में देश के कई इलाकों में स्टूडेंट और युवाओं ने प्रदर्शन किए थे.

    इन प्रदर्शनों की शुरुआत सीजेपी के नेतृत्व में दिल्ली के जंतर-मंतर से हुई थी.

  14. 'आपने इतने ब्रह्मोस दागे, अब जंग रोक दें': 'ऑपरेशन सिंदूर' पर बनी डॉक्यूमेंट्री की चर्चा, पाकिस्तान ने क्या कहा?

  15. रूस ने ब्रिटेन को दी चेतावनी- यूक्रेन को ड्रोन सप्लाई करने की कीमत चुकानी होगी, पॉल किर्बी और टैबी विल्सन

    मॉस्को के पास एक वेयरहाउस पर यूक्रेनी ड्रोन हमले के बाद उठता धुआं, यह तस्वीर 16 अगस्त की है

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    इमेज कैप्शन, मॉस्को के पास एक वेयरहाउस पर यूक्रेनी ड्रोन हमले के बाद उठता धुआं, यह तस्वीर 16 अगस्त की है

    रूस ने चेतावनी दी है कि हाल ही में रूस में सैन्य और औद्योगिक ठिकानों पर हुए हमलों में ब्रिटेन में निर्मित ड्रोन के इस्तेमाल की पुष्टि होने के बाद ब्रिटेन को इसके "नतीजे" भुगतने होंगे.

    ब्रिटेन में रूसी दूतावास ने एक बयान में ब्रिटेन पर "जानबूझकर यूक्रेन संकट को और बढ़ाने में मदद देने" का आरोप लगाया और कहा कि "संघर्ष में उसकी भागीदारी जितनी गहरी होगी, उसे उतनी ही बड़ी कीमत चुकानी होगी."

    यूक्रेन ने मॉस्को और रूस के अंदर अन्य जगहों पर हमले तेज कर दिए हैं. यूक्रेन ख़ास तौर पर रूस की तेल रिफाइनरियों और उसके प्रमुख ऑनलाइन रिटेलर वाइल्डबेरीज के लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बना रहा है.

    ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा कि वे यूक्रेन के साथ "कंधे से कंधा मिलाकर" खड़े हैं.

    प्रवक्ता ने कहा, "रूस को इस बात को लेकर कोई संदेह नहीं होना चाहिए कि हम यूक्रेन और ब्रिटेन के अन्य सहयोगियों पर रूसी आक्रमकता के ख़िलाफ खड़े हैं.”

    रूस इससे पहले भी यूक्रेन को ड्रोन तकनीक उपलब्ध कराने में ब्रिटेन की भूमिका को लेकर उसे धमकी दे चुका है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया कि रूस किस तरह की धमकी पर विचार कर रहा है.

    युद्ध के मौजूदा चरण ने रूस की घरेलू ईंधन आपूर्ति को सीधे प्रभावित किया है और रूसी अर्थव्यवस्था को नुक़सान पहुंचाया है.

    फरवरी 2022 में रूस के पूर्ण पैमाने पर आक्रमण शुरू करने के बाद से ब्रिटेन यूक्रेन के सबसे बड़े अंतरराष्ट्रीय समर्थकों में शामिल रहा है.

    यूक्रेन को सैन्य मदद देने वालों में अमेरिका और जर्मनी के बाद ब्रिटेन ही है.

  16. तमिलनाडु के सीएम विजय ने विधानसभा में 'सॉरी' क्यों बोला?

  17. जेन ज़ी प्रदर्शन मामला: सुप्रीम कोर्ट ने स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर पर ये कहा

    जस्टिस सूर्यकांत की बेंच ने कहा कि यह हज़ारों छात्रों के भविष्य का सवाल है

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    सुप्रीम कोर्ट ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग में प्रदर्शन करने वाले छात्रों के ख़िलाफ़ दर्ज एफ़आईआर को रद्द करने की मंशा जताई है.

    पिछले महीने परीक्षा के पेपर लीक जैसे मुद्दों को लेकर देश के अलग-अलग हिस्सों में स्टूडेंट ने प्रदर्शन किए थे.

    लाइव लॉ के मुताबिक़, कोर्ट ने स्पष्ट किया कि गंभीर अपराधों का पिछला रिकॉर्ड रखने वाले और प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले लोगों के ख़िलाफ़ दर्ज मामले रद्द नहीं किए जाएंगे.

    भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने कहा कि यह हज़ारों छात्रों के भविष्य का सवाल है.

    सीजेआई ने छात्र प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा से जुड़े मुद्दों की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित करने की अदालत की मंशा भी दोहराई और संकेत दिया कि इस कमेटी में सुप्रीम कोर्ट के एक पूर्व जज, हाई कोर्ट के एक पूर्व जज और एक पूर्व डीजीपी शामिल होंगे.

    सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि 2,873 लोगों को छोड़कर, जिनके ख़िलाफ़ हत्या, रेप, अपहरण जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े मामले हैं, बाक़ी लोगों के ख़िलाफ़ मामले रद्द किए जा सकते हैं.

    उन्होंने कहा, "प्रदर्शनकारी स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर रद्द होनी चाहिए. यह कैसे किया जाए, माननीय न्यायाधीश तय कर सकते हैं. साथ ही प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले असामाजिक तत्वों की जांच होनी चाहिए."

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  19. पहले टेस्ट मैच में भारत ने श्रीलंका को दिया 372 रनों का लक्ष्य

    रविंद्र जडेजा ने पहली पारी में शानदार गेंदबाज़ी की

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    भारत ने गॉल में खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच में श्रीलंका के सामने 372 रनों का लक्ष्य रखा है.

    भारत ने अपनी दूसरी पारी में 193 रन बनाए. पारी में तेज़ी से रन बनाने की कोशिश में भारत का कोई भी बल्लेबाज़ टिक नहीं सका.

    भारत की ओर से सबसे ज़्यादा 66 रन ऋषभ पंत ने बनाए. पहली पारी में 167 रनों का योगदान देने वाले देवदत्त पडिक्कल ने दूसरी पारी में 44 रन बनाए.

    इससे पहले भारत की पहली पारी में 462 रन के जवाब में श्रीलंका की टीम अपनी 284 रनों पर आउट हो गई थी.

    भारत की ओर से मानव सुतार ने 4 और रवींद्र जडेजा ने तीन विकेट चटकाए.

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