लाइव, अमेरिका ने इंफ़ोसिस, टीसीएस समेत कई भारतीय आईटी कंपनियों के ख़िलाफ़ उठाया ये क़दम
सॉन्डरलिंग ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, 'आज हम जो ऐतिहासिक कदम उठा रहे हैं, वह वीज़ा प्रक्रिया के दुरुपयोग को समाप्त करने और अमेरिकी कामगारों की सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण पहला कदम है.'
अब इस लाइव पेज को विराम देने का वक़्त आ गया है. मुझे यानी बीबीसी संवाददाता चंदन कुमार जजवाड़े को दीजिए इजाज़त.
कल सुबह एक नए लाइव पेज के साथ हम फिर हाज़िर होंगे. बीबीसी न्यूज़ हिन्दी की वेबसाइट पर मौजूद कुछ अहम ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.
अमेरिका ने इंफ़ोसिस, टीसीएस समेत कई भारतीय आईटी कंपनियों के ख़िलाफ़ उठाया ये क़दम
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इमेज कैप्शन, अमेरिकी श्रम मंत्री कीथ सॉन्डरलिंग के मुताबिक़, कंपनियों को स्थायी वीज़ा कार्यक्रम से निलंबित करना मेहनती अमेरिकियों के लिए एक बड़ी जीत है
अमेरिकी श्रम विभाग ने इंफोसिस, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज़, विप्रो, एचसीएल टेक्नोलॉजीज़, कॉग्निज़ेंट और कैपजेमिनी समेत कई बड़ी टेक्नोलॉजी और आईटी कंपनियों को अमेरिका के परमानेंट लेबर सर्टिफिकेशन कार्यक्रम से बाहर कर दिया है.
इन दोनों कंपनियों के ख़िलाफ़ चल रही कई संघीय जांचों को इसकी वजह बताया गया है.
सॉन्डरलिंग ने कहा, "मैं दुनिया की कुछ सबसे बड़ी आईटी आउटसोर्सिंग कंपनियों- कॉग्निज़ेंट, इंफ़ोसिस, टाटा, विप्रो, एचसीएल और कैपजेमिनी को परमानेंट लेबर सर्टिफिकेशन कार्यक्रम से निलंबित कर रहा हूं. अमेरिकी श्रम विभाग कई संघीय जांचों के चलते माइक्रोसॉफ्ट और एडोबी को भी इस कार्यक्रम से निलंबित कर रहा है."
उन्होंने माइक्रोसॉफ्ट का भी ख़ास तौर पर ज़िक्र किया.
सॉन्डरलिंग ने आरोप लगाया कि इस व्यवस्था का गलत इस्तेमाल माइक्रोसॉफ्ट से ज़्यादा शायद ही किसी दूसरी अमेरिकी कंपनी ने किया हो.
सॉन्डरलिंग ने आरोप लगाया कि माइक्रोसॉफ्ट ने 2025 में क़रीब छह हज़ार अमेरिकी कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया.
इससे पहले कंपनी ने यह बताया था कि उसे कुछ पदों के लिए योग्य अमेरिकी कर्मचारी नहीं मिल सके.
सॉन्डरलिंग ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, "आज हम जो ऐतिहासिक कदम उठा रहे हैं, वह वीज़ा प्रक्रिया के दुरुपयोग को समाप्त करने और अमेरिकी कामगारों की सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण पहला कदम है."
"इन कंपनियों को स्थायी वीज़ा कार्यक्रम से निलंबित करना मेहनती अमेरिकियों के लिए एक बड़ी जीत है."
यूक्रेन ने कहा, बसों पर रूसी हमले में कम से कम 30 लोगों की मौत, ओलिविया आयरलैंड और टॉबी लकहर्स्ट
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इमेज कैप्शन, रूस ने यूक्रेन पर हमले बढ़ा दिए हैं
यूक्रेन में अधिकारियों का कहना है कि "बसों को निशाना बनाकर किए गए रूसी हमलों में" कम से कम 30 लोगों की मौत हो गई है.
बचाव अधिकारियों का कहना है कि अग्रिम मोर्चे के शहर क्रामातोर्स्क में आम लोगों की दो बसों पर रूसी ग्लाइड बम हमले किए गए हैं.
डोनेत्स्क क्षेत्र के प्रमुख वादिम फिलाश्किन ने कहा कि हमले में अन्य 18 लोग घायल हुए हैं.
उन्होंने रूस पर ज़्यादा से ज़्यादा आम लोगों को मारने के लिए यात्रियों को ले जा रही बसों को निशाना बनाने का आरोप लगाया.
स्थानीय अधिकारियों की ओर से पोस्ट की गई तस्वीरों में सड़क पर मलबे और जलती हुई बस दिखाई दी.
क्रामातोर्स्क और पड़ोसी शहर स्लोवियांस्क कथित क़िलेबंदी बाले इलाक़े का हिस्सा हैं, जिस पर रूस क़ब्ज़ा करने की कोशिश कर रहा है. रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन पूरे यूक्रेनी औद्योगिक क्षेत्र डोनबास पर अपना दावा करते हैं.
रूस ने अभी तक इस ताज़ा हमले पर कोई टिप्पणी नहीं की है. यह घटना देश भर में रूसी हमलों में अचानक हुई बढ़ोतरी के बीच हुई है.
संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, इस साल अगस्त तक यूक्रेन में मारे गए नागरिकों की संख्या, साल 2025 में पूरे वर्ष के दौरान मारे गए नागरिकों की संख्या से अधिक हो गई थी.
नाना पाटेकर का पार्थिव शरीर पुणे पहुंचा, सीएम फडणवीस ने दी अंतिम श्रद्धांजलि
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इमेज कैप्शन, महाराष्ट्र सरकार ने घोषणा की है कि दिवंगत अभिनेता का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा
गोवा में निधन होने के पश्चात मशहूर अभिनेता नाना पाटेकर के पार्थिव शरीर को गोवा से पुणे लाया गया.
महाराष्ट्र सरकार ने घोषणा की है कि दिवंगत अभिनेता का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा.
हवाई अड्डे से पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए पुणे के पास डोंजे गांव स्थित उनके आवास और फार्महाउस ले जाया जा रहा है.
जाने-माने अभिनेता नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में निधन हो गया है. नाना पाटेकर का निधन गुरुवार तड़के गोवा स्थित उनके आवास पर हुआ.
उन्हें पणजी के पास डोना पाउला स्थित उनके अपार्टमेंट में बेहोश पाए जाने के बाद एक निजी अस्पताल ले जाया गया. सीपीआर के बावजूद पाटेकर को बचाया नहीं जा सका.
दरअसल यमन के हूती हथियारबंद गुट और सऊदी अरब समर्थित सरकारी बलों के बीच बढ़ती जंग पड़ोसी देश सऊदी अरब तक पहुंच गई है.
हूती लड़ाके लगातार सऊदी अरब के अलग-अलग इलाक़ों पर भी हमला कर रहे हैं.
सऊदी अरब की जनरल अथॉरिटी ऑफ़ सिविल एविएशन ने बुधवार को एक बयान में कहा कि अभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में दो लोगों की मौत हुई और 28 लोग घायल हुए.
एक अलग घटना में राजधानी रियाद के किंग ख़ालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई और आठ लोग घायल हुए.
तुर्की ने कहा, मक्का समझौते के तहत दूसरे देश में नहीं भेजेंगे सेना
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इमेज कैप्शन, हाकान फिदान ने कहा है कि सऊदी अरब की मदद के लिए तुर्की अन्य तरीकों का अध्ययन कर रहा है (फ़ाइल फ़ोटो)
तुर्की के विदेश मंत्री हाकान फिदान ने कहा है कि मक्का समझौते के तहत तुर्की किसी दूसरे देश में हमला करने के लिए अपने सैनिक नहीं भेजेगा.
उनका कहना है कि मक्का समझौता रक्षा के लिए है. हम सऊदी अरब को हूती हमलों का सामना करने में मदद करने के तरीकों पर विचार कर रहे हैं.
हाकान फिदान का कहना है कि तुर्की ख़ास तौर पर एयर डिफ़ेंस के ज़रिए सऊदी अरब की मदद के तरीके पर विचार कर रहा है.
अगस्त महीने में सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान ने मक्का संयुक्त रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. समझौते के तहत किसी एक देश पर हमला तीनों देशों पर हमला माना जाएगा.
दरअसल यमन के हूती हथियारबंद गुट और सऊदी अरब समर्थित सरकारी बलों के बीच बढ़ती जंग पड़ोसी देश सऊदी अरब तक पहुंच गई है.
हूती लड़ाके लगातार सऊदी अरब के अलग-अलग इलाक़ों पर भी हमला कर रहे हैं. सऊदी अरब की जनरल अथॉरिटी ऑफ सिविल एविएशन ने बुधवार को एक बयान में कहा कि अभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में दो लोगों की मौत हुई और 28 लोग घायल हुए.
एक अलग घटना में राजधानी रियाद के किंग ख़ालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई और आठ लोग घायल हुए.
सऊदी अरब के हवाई अड्डों पर हूती विद्रोहियों के हमले, भारत ने ये कहा, क्लेयर कीनन
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इमेज कैप्शन, हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के रियाद और अभा एयरपोर्ट पर हमलों की ज़िम्मेदारी ली है (फ़ाइल फ़ोटो)
सऊदी अरब के हवाई अड्डों पर दो दिनों में हुए हमलों में तीन लोगों की मौत हो गई है. अधिकारियों ने बताया कि यमन में जारी लड़ाई के तेज़ होने का असर सीमा पार सऊदी अरब तक पहुंच गया है.
इन हमलों को लेकर भारत के विदेश मंत्रालय ने प्रतिक्रिया दी है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स पर एक पोस्ट में इससे जुड़ा बयान साझा किया है.
बयान के मुताबिक़, "भारत बीते कुछ दिनों में अभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और किंग ख़ालिद एयरपोर्ट पर हमलों की निंदा करता है. इन हमलों में आम लोगों की मौत हुई है और लोग घायल भी हुए हैं."
भारत ने कहा है कि नागरिक ढांचों पर हमला पूरी तरह अस्वीकार्य है और सऊदी अरब की सरकार के प्रति अपनी संवेदना जताई है.
इससे पहले सऊदी अरब की जनरल अथॉरिटी ऑफ सिविल एविएशन ने बुधवार को एक बयान में कहा कि अभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में दो लोगों की मौत हुई और 28 लोग घायल हुए.
एक अलग घटना में राजधानी रियाद के किंग ख़ालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई और आठ लोग घायल हुए.
इन हमलों की ज़िम्मेदारी हूती विद्रोहियों ने ली है. ये हमले यमन में सऊदी समर्थित सरकारी बलों और ईरान समर्थित हूती गुट के बीच फिर शुरू हुई लड़ाई में बढ़ते तनाव के संकेत हैं.
जीएसीए के मुताबिक़, दोनों हवाई अड्डों पर 6 और 7 अक्तूबर को हमले हुए थे. हालांकि, उसने यह नहीं बताया कि किस हवाई अड्डे पर हमला किस दिन हुआ.
कार्टून: हिसाब से लगा लो
इमेज कैप्शन, भाजपा के विकसित भारत- 2047 अभियान पर आज का कार्टून.
बेंगलुरु: ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ सीजेपी के प्रदर्शन में अभिजीत दीपके ने ये कहा, इमरान क़ुरैशी, बेंगलुरु से बीबीसी हिन्दी के लिए
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इमेज कैप्शन, बेंगलुरु में अभिजीत दीपके के मंच पर यूट्यूबर ध्रुव राठी भी दिखे
कॉकरोच जनता पार्टी ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को ख़त्म करने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग को लेकर अपना अभियान तेज कर दिया है.
गुरुवार को बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में हुई एक सभा में सीजेपी के समर्थकों की बड़ी भीड़ जुटी.इस दौरान सीजेपी नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार के पीछे उनका हाथ है.
सीजेपी ने आरोप लगाया कि वे नागरिकों को उनके मतदान के अधिकार से वंचित करना चाहते हैं.
अभिनेता और सामाजिक कार्यकर्ता प्रकाश राज ने कहा, “हमारा आंदोलन केवल ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े के लिए नहीं है. हम पूरे एसआईआर को समाप्त करना चाहते हैं.”
प्रकाश राज ने कहा, “उन्होंने हमारे आदिवासियों, ग़रीबों, मुसलमानों और अल्पसंख्यकों के वोट व्यवस्थित रूप से हटा दिए हैं. यह प्रशासनिक ग़लतियों के कारण नहीं हुआ, बल्कि इसलिए हुआ क्योंकि वे उन्हें ख़रीद नहीं सकते.”
इस विरोध सभा में सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा, "पैटर्न यह है कि लोकतंत्र को नष्ट किया जाए ताकि आरएसएस अपनी विचारधारा थोप सके."
उन्होंने आगे कहा, "यह आरएसएस की वह मानसिकता है जो आंबेडकर में विश्वास नहीं करती, बल्कि नाथूराम गोडसे की विचारधारा में विश्वास करती है, जिसने महात्मा गांधी की हत्या की थी."
विजयपुरा ज़िले में जिन मतदाताओं के मृत्यु प्रमाण पत्र ज़िला निर्वाचन अधिकारी को सौंपे गए थे, उनमें से कई प्रकाश राज के भाषण के दौरान मंच के पास खड़े थे.
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इमेज कैप्शन, सीजेपी ने समाज में महिलाओं के साथ होने वाले उत्पीड़न के विरोध में भी एक बैठक आयोजित की
उनमें से एक, रज़िया शेख़ ने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी से कहा, "मेरा एसआईआर पूरा हो गया था. उन्होंने मेरी फ़ोटो ली थी. बीएलओ ने भी कहा था कि यह सफल हो गया है. उन्होंने भी मेरी फ़ोटो ली थी."
"फिर हमें पता चला कि किसी ने मेरा मृत्यु प्रमाण पत्र तक जमा कर दिया था. हम ज़िला निर्वाचन अधिकारी से मिले. उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में हमारा नाम अब भी दर्ज है."
42 पूर्व जजों ने खुला पत्र लिखकर चुनाव आयोग को लेकर दी ये चेतावनी
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इमेज कैप्शन, जजों का कहना है कि संवैधानिक संस्थाओं को बार-बार ''चोर'' और ''कॉम्प्रेमाइज़्ड'' बताने से लोकतंत्र में जनता का विश्वास कमजोर होने का ख़तरा है (सांकेतिक तस्वीर)
इस पत्र में पूर्व जजों ने चुनाव आयोग, न्यायपालिका और अन्य संवैधानिक संस्थाओं को कथित तौर पर कमज़ोर करने की कोशिशों पर गंभीर चिंता व्यक्त की है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, पत्र पर हस्ताक्षर करने वाले पूर्व जजों ने बिना किसी ठोस सबूत के लगाए जा रहे ''वोट चोरी'' के आरोपों पर सवाल उठाया है.
उन्होंने चेतावनी दी है कि संवैधानिक संस्थाओं को बार-बार ''चोर'' और ''मिलीभगत'' बताने से लोकतंत्र में जनता का विश्वास कमज़ोर होने का ख़तरा है.
पत्र में कहा गया है, "संस्थाओं की आलोचना करना लोकतांत्रिक अधिकार है. लेकिन उन्हें बदनाम करना नहीं."
प्रशांत किशोर ने कहा, 'ज्ञानेश कुमार का जाना ही काफ़ी नहीं होगा'
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इमेज कैप्शन, प्रशांत किशोर ने कई मामलों का ज़िक्र करते हुए चुनाव आयोग पर पक्षपात का आरोप लगाया
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ विपक्ष के प्रदर्शन को लेकर जन सुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर ने निर्वाचन आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं.
प्रशांत किशोर ने दरभंगा में पत्रकारों से बातचीत में कहा, "ज्ञानेश कुमार से पहले राजीव कुमार थे. उन्होंने भी चुनाव आयोग को ऐसे ही चलाया. जब वो रिटायर हुए तो उनको देश के सबसे बड़े निजी बैंक एचडीएफ़सी का चेयरमैन बना दिया गया."
"चुनाव आयोग की प्रतिष्ठा और विश्वसनीयता दांव पर है और यह किसी एक व्यक्ति की वजह से नहीं है, एक घटना की वजह से नहीं है."
उन्होंने कहा, "पिछले सात-आठ वर्षों से, मतदाता सूची तैयार करने का मामला हो, चुनाव कार्यक्रम हो, आदर्श आचार संहिता का मामला हो, बिहार में सरकार की ओर से दस-दस हज़ार रुपये रुपये बांटकर वोट ख़रीदने का मामला हो या वोटों की गिनती का मामला हो. हर स्तर पर चुनाव आयोग खुले आम सत्तारूढ़ दल के पक्ष में दिख रहा है."
प्रशांत किशोर ने कहा, "इसलिए जनता को ऐसा लग रहा है कि चुनाव निष्पक्ष नहीं हो रहा है. ज्ञानेश कुमार को जाना चाहिए और उससे बढ़कर चुनाव आयोग में सुधार होना चाहिए."
जब नाना पाटेकर ने शाहरुख़ ख़ान से कहा, '‘हीरो की तरह बाल मत बना... तू एक्टर है’'
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इमेज कैप्शन, शाहरुख़ ख़ान और नाना पाटेकर ने फ़िल्म 'राजू बन गया जेंटलमैन' में साथ काम किया था
अभिनेता शाहरुख़ ख़ान ने नाना पाटेकर के निधन पर उन्हें श्रद्धांजलि दी है. एक्टर नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में उनके गोवा स्थित घर में निधन हो गया.
शाहरुख़ ख़ान ने नाना पाटेकर के साथ की गई अपनी फ़िल्म 'राजू बन गया जेंटलमैन' की एक फ़ोटो शेयर करते हुए फ़ेसबुक पर लिखा, "जब मैं पहली बार उनसे मिला था, तो उनके प्रति सम्मान और थोड़ी झिझक की वजह से मैं अपने बालों को सहलाने लगा. उन्होंने मेरा हाथ झटक दिया और कहा- हीरो की तरह बाल मत बना... तू एक्टर है!"
उन्होंने लिखा, "वह आपकी चापलूसी नहीं करते थे. वह आपको वो नहीं बताते थे जो आप सुनना चाहते थे. वह वही कहते थे जो आपको सुनने की ज़रूरत होती थी. ऐसे थे नाना. सीधे-साफ़. थोड़े सख़्त, ईमानदार और चेहरे पर बेहद ख़ूबसूरत मुस्कान."
शाहरुख़ ने लिखा, "वह मेरे गुरु, शिक्षक, आलोचक और दोस्त थे. कैरम के खेल में वह मुझे और अपने आसपास के हर शख़्स को लगातार हराते थे और अपनी हर जीत का पूरा मज़ा लेते थे."
"नाना, आपकी शिद्दत, आपकी हंसी, आपका पागलपन और आपका प्यार हमेशा हमारे साथ रहेगा. बस अफ़सोस है कि हमारे पास और बातें करने, एक और बहस करने, एक और कप चाय पीने और कैरम का एक और खेल खेलने का समय नहीं था."
शाहरुख़ ख़ान का मानना है, "आपने सिर्फ़ सिनेमा की दुनिया में ही नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीयों और दुनियाभर के लोगों के दिलों में भी एक ख़ालीपन छोड़ दिया है. मैं बस इतना कह सकता हूं कि मैं आपको बहुत याद करूंगा और आपके शब्दों को हमेशा अपने दिल में रखूंगा कि हीरो बनने के चक्कर में एक्टर मत खोना.''
कनाडा की कवयित्री ऐनी कार्सन को साहित्य का नोबेल पुरस्कार, इयान यंग्स
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इमेज कैप्शन, कार्सन 30 साल से ज़्यादा समय तक क्लासिक्स (प्राचीन यूनानी और रोमन साहित्य एवं संस्कृति) की प्रोफेसर रही हैं (फ़ाइल फ़ोटो)
76 साल की कार्सन अपनी उन रचनाओं के लिए प्रसिद्ध हैं, जो अक्सर कविता, कथा-साहित्य और अकादमिक अध्ययन के बीच की सीमाओं को पार करती हैं.
नोबेल पुरस्कार समिति ने कहा कि यह पुरस्कार “उनकी साहसिक और रचनात्मक साहित्यिक कृतियों के लिए दिया है, जिन्होंने शास्त्रीय परंपरा के साथ रोचक संवाद करते हुए समकालीन साहित्य के लिए नए रूपों का स्थापित किया है.”
नोबेल पुरस्कार किसी लेखक के पूरे जीवन के साहित्यिक योगदान के लिए दिया जाता है. इसे विश्व साहित्य का सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कार माना जाता है.
इस पुरस्कार के साथ विजेता को 12 लाख डॉलर की राशि मिलती है.
कार्सन की प्रमुख रचनाओं में 'द ग्लास एसे', 'ऑटोबायोग्राफ़ी ऑफ़ रेड: अ नोवेल वर्स', 'नॉक्स', 'फ़्लोट' और 'द ब्यूटी ऑफ़ द हसबैंड: ए फ़िक्शनल एसे इन 29 टैंगोज़' शामिल हैं.
कार्सन ने प्राचीन यूनानी साहित्य का अनुवाद भी किया है और वह 30 से अधिक वर्षों तक क्लासिक्स (प्राचीन यूनानी और रोमन साहित्य एवं संस्कृति) की प्रोफेसर रही हैं.
बेंगलुरु: ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग को लेकर सीजेपी का प्रदर्शन, तस्वीरों में
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इमेज कैप्शन, बेंगलुरु सीजेपी के प्रदर्शन में यूट्यूबर ध्रुव राठी और अभिनेता प्रकाश राज भी शामिल हुए
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े और एसआईआर के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रही है.
इन प्रदर्शनों में बड़ी संख्या में सीजेपी समर्थक फ्रीडम पार्क में जुटे हैं. यहां सीजेपी के मंच पर यूट्यूबर ध्रुव राठी और अभिनेता प्रकाश राज में नज़र आए.
ध्रुव राठी ने आरोप लगाया, "लोगों के नाम वोटिंग लिस्ट से हटाए गए और ज्ञानेश कुमार ने ज़रूरत नहीं समझी किसी को बताने की कि कौन थे ये लोग, क्या थे इनके नाम, इनका क्या पता था. जब तक सुप्रीम कोर्ट का आदेश नहीं आया ज्ञानेश कुमार ने ये बातें छिपाकर रखीं."
उन्होंने कहा, "जब तक कहा नहीं जा रहा है तब तक चुनाव आयोग कुछ बता नहीं रहा है. पारदर्शिता शून्य और जवाबदेही भी शून्य."
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इमेज कैप्शन, बेंगलुरु में ध्रुव राठी ने वोटर लिस्ट से जुड़े तीन सबूत दिखाने का दावा किया
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इमेज कैप्शन, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग करते हुए सीजेपी समर्थक
बीजेपी नेता मुरली मनोहर जोशी ने ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ प्रदर्शनों पर ये कहा
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इमेज कैप्शन, मुरली मनोहर जोशी ने स्टूडेंट्स पर बल प्रयोग का विरोध किया
बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने पत्रकारों के सवाल पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर चल रहे प्रदर्शन और कई मुद्दों पर छात्रों की मांगों को लेकर प्रतिक्रिया दी है.
"मैं कहता हूं कि जनता के लिए, जनता के द्वारा और जनता की सरकार कभी समाप्त नहीं होगी बशर्ते कि चुनाव निष्पक्ष हों, सरकार ज़िम्मेदार हो और नौकरशाही पारदर्शी हो."
उन्होंने कहा, "विपक्ष को ज़िम्मेदार होना चाहिए और सब कुछ संविधान के मुताबिक हो. अगर संविधान का उल्लंघन होता है तो सुप्रीम कोर्ट को इस पर ध्यान देना चाहिए. यही सिद्धांत है जिस पर लोकतंत्र को काम करना चाहिए."
मुरली मनोहर जोशी ने स्टूडेंट्स की मांगों पर कहा, "जो छात्रों की वाजिब मांग है वह हमेशा सुनी जानी चाहिए और बहुत ही सद्भावना के साथ सुनी जानी चाहिए. ये डंडा मारने का तरीका उचित नहीं होता है. इससे आप कभी समाधान नहीं कर सकते. अगर समस्याएं हैं तो उसे सुनिए, वे हमारे बच्चे हैं."
मौत की सज़ा नाकाम होने के बाद, क्रिस्टा पाइक अब टहल पाने की स्थिति में, जेम्स फ़िट्सजेराल्ड
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इमेज कैप्शन, अमेरिका के टेनेसी राज्य में मौत की सज़ा झेल रहीं क़ैदी क्रिस्टा पाइक को दो घातक इंजेक्शन दिए गए थे
अमेरिका के टेनेसी राज्य में पिछले सप्ताह मौत की सज़ा देने की असफल कोशिश के बाद अस्पताल में भर्ती क्रिस्टा पाइक अब “चल-फिर रही हैं.” उनकी कानूनी टीम के एक सदस्य ने बीबीसी को यह जानकारी दी है.
बुधवार देर रात बीबीसी रेडियो 4 के कार्यक्रम 'टुडे' में बात करते हुए वकील स्टीफन फेरेल ने कहा कि उन्होंने पाइक से सीधे बात नहीं की है.
हालांकि, उन्हें पता चला है कि पाइक पहली बार अपने अस्पताल के कमरे में इधर-उधर टहल रही हैं, जबकि वह मानसिक रूप से अभी भी “धुंधलापन” महसूस कर रही हैं.
पाइक को पिछले हफ़्ते जानलेवा इंजेक्शन के ज़रिए मृत्युदंड देने की कोशिश नाकाम रहने के बाद अस्पताल में भर्ती करवाया गया था.
पाइक को 1995 में कोलीन स्लेमर की हत्या के बाद मौत की सज़ा सुनाई गई थी. पिछले बुधवार को टेनेसी में उन्हें जानलेवा इंजेक्शन देने की दो कोशिशें नाकाम रहीं और वह बच गईं.
उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां वह कई दिनों तक बेहोश रहीं. इस दौरान डॉक्टरों ने उनके शरीर से इंजेक्ट किए गए रसायन को बाहर निकाला.
विशेषज्ञों और उनकी कानूनी टीम का कहना है कि उनका इस तरह ठीक होना अभूतपूर्व है. माना जाता है कि वह जानलेवा इंजेक्शन से बचने वाली एकमात्र व्यक्ति हैं.
एयरटेल ने स्टारलिंक को भारत में रोकने के एलन मस्क के आरोपों पर क्या कहा
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इमेज कैप्शन, सुनील भारती मित्तल ने एलन मस्क के आरोपों को ख़ारिज किया है
टेलीकम्युनिकेशन कंपनी भारती एयरटेल ने एलन मस्क के इस आरोप को ख़ारिज किया है कि उनकी सैटकॉम कंपनी स्टारलिंक को भारत में काम करने से रोका जा रहा है.
भारती एयरटेल के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल ने कहा कि उनका सैटकॉम उपक्रम ईयूटेलसेट वनवेब भी भारत में अपनी सेवाएं शुरू करने के लिए मंज़ूरी का इंतज़ार कर रहा है.
एलन मस्क ने एक्स पर एक पोस्ट कर आरोप लगाया है कि कुछ ख़ास उद्योगपति भारत में उनकी कंपनी स्टारलिंक की सैटेलाइट आधारित इंटनेट सर्विस की एंट्री को "रोक" रहे हैं.
मस्क ने किसी कंपनी का सीधे तौर पर नाम नहीं लिया, लेकिन कहा, ''आप अंदाज़ा लगा सकते हैं कि वे कौन हैं.''
हालांकि भारत सरकार ने मस्क के इन आरोपों का जवाब देते हुए कहा, ''सोशल मीडिया पर सैटेलाइट कम्युनिकेशन सर्विस के लिए भारत के रेगुलेटरी फ्रेमवर्क की निष्पक्षता पर एक पोस्ट सर्कुलेट की जा रही है. इसमें ये कहा जा रहा है कि इसे लागू करने में भेदभाव किया जा रहा है. लेकिन भारत में इस मामले में भेदभावपूर्ण नियम नहीं हैं. ''
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'चुंबन के साथ तमाचा'...ज़ोहरान ममदानी के बयान पर भारी विवाद, तीखी प्रतिक्रिया की बाढ़
ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ पटना में आरजेडी का मार्च, तेजस्वी यादव ने क्या कहा
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राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) नेता और बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने गुरुवार को पटना में एसआईआर प्रक्रिया में कथित गड़बड़ी के लिए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को ज़िम्मेदार ठहराते हुए मार्च निकाला.
राष्ट्रीय जनता दल इंडिया गठबंधन का हिस्सा है. पार्टी ने पटना में अपना मार्च विधानसभा के सामने शहीद स्मारक से शुरू किया. पार्टी के कार्यकर्ता लोक भवन की ओर बढ़ने लगे लेकिन पुलिस ने उन्हें मुख्य चुनाव आयुक्त के दफ़्तर के नज़दीक रोक लिया.
इस दौरान तेजस्वी यादव पुलिस बैरिकेड पर चढ़ते दिखे.
एक सीनियर अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई से कहा, ''जब उन्होंने सुरक्षा के लिए लगाए गए बैरिकेड्स को पार करने की कोशिश की, तो पुलिस उन्हें वाहन में बैठाकर लोक भवन ले गई.''
तेजस्वी यादव ने कहा, ''फ़र्ज़ी चुनाव कराकर ज्ञानेश कुमार ने बीजेपी के सत्ता में आने का रास्ता साफ़ किया है. जब सच्चाई सामने आई, तो हम सभी लोकतंत्र को बचाने के लिए एकजुट होना चाहते हैं, ताकि आगे से निष्पक्ष चुनाव हों और सभी राजनीतिक दलों के लिए समान अवसर का स्तर बना रहे.''
नाना पाटेकर के गांव वाले उन्हें कैसे याद कर रहे हैं
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दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन के बाद उनके गांव वाले उनके परोपकारी स्वभाव को याद कर रहे हैं.
महाराष्ट्र में उनके गांव वालों का कहना है नाना उनकी मदद करने में हमेशा आगे रहते थे.
एक ग्रामीण श्रीकांत ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया, ''मैं उनके घर के ठीक सामने रहता हूं. उन्होंने पूरी ज़िंदगी मेरी बहुत मदद की. 2013 में जब मेरी पत्नी का निधन हुआ, तब नाना ने मुझे बहुत हिम्मत दी और मेरे बच्चों की परवरिश में मदद की. उस समय वे बहुत छोटे थे.''
श्रीकांत ने कहा, ''वह मेरे लिए भाई जैसे थे, बल्कि भाई से भी बढ़कर थे. मेरे दो बच्चे हैं. वे करीब दो से ढाई घंटे में यहां पहुंच जाएंगे. फ़्लाइट जल्द ही रवाना होगी और फ़ोन आने के बाद मुझे पता चलेगा. अंतिम संस्कार शाम करीब सात बजे होगा, जबकि लोग उनके घर पर जाकर अंतिम दर्शन कर सकेंगे.''
जाने-माने अभिनेता नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में निधन हो गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़ गोवा में उन्होंने आख़िरी सांस ली.
बीबीसी मराठी की सहयोगी पत्रकार प्राची प्रतिभा शिरिष से नाना पाटेकर के बेटे मल्हार पाटेकर ने अपने पिता की मौत की पुष्टि की है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, नाना पाटेकर का निधन गुरुवार तड़के गोवा स्थित उनके आवास पर दिल का दौरा पड़ने के बाद हुआ.