सुरक्षा परिषद: अमरीकी वादे के भरोसे भारत

मोदी पहुंचे न्यूयार्क
    • Author, सलीम रिज़वी
    • पदनाम, न्यूयॉर्क से, बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए
  • प्रकाशित

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार से अमरीका का अपना दूसरा दौरा शुरू कर रहे हैं.

बुधवार की शाम वे न्यूयॉर्क पहुंचे और अब अगले दो दिनों तक उनका व्यस्त कार्यक्रम रहेगा.

मोदी संयुक्त राष्ट्र महासभा के 70वें अधिवेशन की अहम बैठकों में भाग लेने के अलावा, कई देशों के नेताओं से द्विपक्षीय मुलाक़ात भी करेंगे जिनमें अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा से अहम मुलाक़ात भी शामिल है.

पिछसे साल संयुक्त राष्ट्र महासभा के 69वें अधिवेशन में भी मोदी ने की थी शिरकत
इमेज कैप्शन, पिछसे साल संयुक्त राष्ट्र महासभा के 69वें अधिवेशन में भी मोदी ने की थी शिरकत.

संयुक्त राष्ट्र में भारत का अधिक ज़ोर सुधारों पर ही रहेगा.

और इसी सिलसिले में प्रधानमंत्री मोदी जी4 राष्ट्रों के समूह की बैठक के मेज़बान भी होंगे जिसमें जर्मनी, जापान और ब्राज़ील के नेता भी शामिल होंगे.

इस बैठक में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधारों पर चर्चा होगी. भारत समेत यह चारों देश सुरक्षा परिषद की स्थायी सदस्यता की दावेदारी कर रहे हैं.

भारत की कोशिश है कि इस मुद्दे पर ज़ोर-शोर से मांग उठाई जाए. इस मुद्दे पर इस समूह की 10 साल के बाद बैठक हो रही है.

न्यूयॉर्क में पत्रकारों से बात करते हुए भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने इस सिलसिले में अमरीकी समर्थन पर संतोष जताया.

मोदी ओबामा
इमेज कैप्शन, भारत यात्रा के दौरान अमरीकी राष्ट्रपति ओबामा

विकास स्वरूप ने कहा, “अमरीका ने भी हमसे वादा किया है कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता के लिए वह पूरा समर्थन देगा.”

28 सितंबर को होने वाली ओबामा और मोदी की अहम मुलाक़ात के दौरान जिन मुद्दों पर बातचीत होने की उम्मीद है उनमें आतंकवाद से निपटने के अलावा दोंनों देशों के बीच व्यापार में बढ़ोतरी करने के उपायों पर भी चर्चा शामिल है.

भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और अमरीकी विदेश मंत्री जॉन केरी

इसी सप्ताह मंगलवार को वॉशिंगटन में भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और अमरीकी विदेश मंत्री जॉन केरी के बीच हुई मुलाक़ात के बाद जारी साझा बयान में अमरीका ने भारत के साथ मिलकर आतंकवाद के ख़िलाफ़ <link type="page"><caption> कार्रवाई</caption><url href="http://sauida.shop/hindi/international/2015/09/150923_indo_us_joint_statement_terror_ml%22 platform="highweb"/></link> करने का वादा किया था.

सुषमा-केरी मुलाक़ात में पाकिस्तान के चरमपंथी संगठन लशकर-ए-तैबा और अन्य गुटों से दक्षिण एशिया को ख़तरे और पाकिस्तान द्वारा मुंबई हमलों के ज़िम्मेदार लोगों को सज़ा दिए जाने की मांग के मुद्दे पर भी चर्चा हुई थी.

बोइंग

अमरीका में इस बात पर भी ख़ुशी है कि हाल ही में भारत ने अमरीकी कंपनी बोईंग से दो अरब डॉलर यानी लगभग 132 अरब रुपए से अधिक का अपाची और शिनूक हेलिकॉप्टर ख़रीदने का समझौता किया है.

अमरीकी मानते हैं कि इससे यह भी साफ़ होता है कि मोदी भारत को बिज़नेस के लिए <link type="page"><caption> आसान जगह</caption><url href="http://sauida.shop/hindi/international/2015/09/150922_us_impatience_growing_ml%22 platform="highweb"/></link> बनाने की कोशिश कर रहे हैं.

इसके अलावा दोनों देशों के नेता जलवायु परिवर्तन, उर्जा, रक्षा, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर भी चर्चा कर सकते हैं.

अमरीका में मोदी

जब मोदी न्यूयॉर्क पहुंचे तो उनके होटल वॉलडॉफ़ एस्टोरिया के बाहर भारतीय मूल के क़रीब 100 लोग उनके स्वागत के लिए पोस्टर थामे खड़े थे, जिनपर विभिन्न नारे लिखे थे जैसे - अमरीका मोदी का स्वागत करता है – आदि, इसके अलावा वहां मौजूद लोग रह-रह कर नारे भी लगा रहे थे, मोदी ज़िंदाबाद - आदि.

इन्हीं में से एक निखिल शाह ने बताया कि वह वहां पिछले एक घंटे से खड़े थे.

उन्होंने कहा, “हम यहां अपने प्रधानमंत्री का स्वागत करने और उनका समर्थन करने के लिए आए हैं. हमने पिछले 60 वर्षों में ऐसे बदलाव नहीं देखे जो मोदी जी के आने के बाद आए हैं. हम बहुत ख़ुश हैं.”

आयरलैंड में मोदी
इमेज कैप्शन, आयरलैंड में मोदी का स्वागत

थोड़ी दूर पर इंदर पटेल रह रह कर नारे लगवा रहे थे.

वह भी ख़ुशी जताते हुए बोले, “मोदी जी के लिए बहुत अच्छा स्वागत हो रहा है, क्योंकि हम सब भारतीय इतना ख़ुश हैं, हमारी ख़ुशक़िस्मती है कि इतना अच्छा आदमी हमें प्रधानमंत्री के तौर पर मिला है. जो रात दिन काम करता है.”

अमरीकी राष्ट्रपति के साथ मोदी

मोदी न्यूयॉर्क में ही अमरीकी व्यापार और वित्तीय क्षेत्र की अहम कंपनियों के मुखियाओं से भी मुलाक़ात करेंगे जिनमें फ़ोर्ड, जॉनसन एंड जॉनसन, पेपसिको आदि कंपनियों के मुखिया शामिल हैं.

गुरूवार को अमरीकी कॉरपोरेट जगत की बड़ी कंपनियों के साथ रात के खाने पर होने वाली बैठक में क़रीब 50 सीईओ और चेयरमैनों के भाग लेने की उम्मीद है. इस बैठक में मोदी इन कंपनियों के साथ भारत में निवेश के मुद्दे पर चर्चा करेंगे.

इसके अलावा मोदी 21स्ट सेंचुरी फ़ाक्स मीडिया हाउस के मालिक रुपर्ट मरडॉक से भी मुलाक़ात कर सकते हैं.

मोदी मार्क ज़करबर्ग
इमेज कैप्शन, मोदी ने पिछले साल फ़ेसबुक के संस्थापक मार्क ज़करबर्ग से मुलाक़ात की थी.

26 सितंबर को मोदी कैलीफ़ोर्निया जाएंगे जहां फ़ेसबुक, गूगल, माईक्रोसोफ़्ट जैसी कंपनियों के मुखिया के साथ मुलाक़ात के अलावा भारतीय मूल के अमरीकियों की जनसभा को भी संबोधित करेंगे.

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