भारतीय सेना पर मानवाधिकार हनन के आरोप

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मानवाधिकार संगठन एमनेस्टी इंटरनेशनल ने भारत प्रशासित कश्मीर में भारतीय सेना पर मानवाधिकारों के हनन का आरोप लगाया है.

संगठन ने बुधवार को जारी अपनी रिपोर्ट में कहा कि ठीक 25 पहले लागू किया गया सशस्त्र बल विशेषाधिकार क़ानून सुरक्षा बलों को किसी भी तरह की क़ानूनी कार्रवाई से बचाता है.

एमनेस्टी समेत कई मानवाधिकार संगठन अकसर इस क़ानून को ख़त्म करने की मांग करते हैं.

एमनेस्टी ने एक हालिया कोर्ट मार्शल के फ़ैसले का स्वागत किया है जिसमें तीन लोगों को फर्जी मुठभेड़ में मारने के लिए पांच सैनिकों को उम्रकैद की सज़ा दी गई.

लेकिन एमनेस्टी की रिपोर्ट में ये भी मांग की गई है कि मानवाधिकारों का हनन करने वाले सुरक्षाकर्मियों के ख़िलाफ़ नागरिक अदालतों में मुकदमा चलना चाहिए जो अब तक कभी नहीं हुआ है.

भारत सरकार की तरफ से इस रिपोर्ट पर किसी तरह की प्रतिक्रिया नहीं आई है.

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