इमेज कैप्शन, नेपाल में प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल किया जा रहा है
नेपाल के नेशनल डिज़ास्टर रिस्क रिडक्शन एंड मैनेजमेंट अथॉरिटी (एनडीआरआरएमए) की ओर से और अधिक जानकारी सामने आई है.
अपने ताज़ा अपडेट में अथॉरिटी ने कहा है कि नेपाल में लापता लोगों की संख्या बढ़कर 1924 हो गई है.
खोज और बचाव अभियान में 15,000 सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है.
अथॉरिटी के मुताबिक़, इस संख्या में 517 विदेशी नागरिक शामिल हैं.
हालांकि बाद में नेपाल पुलिस की ओर से जारी अपडेट में 575 विदेशी नागरिकों के लापता होने की बात कही गई है.
एनडीआरआरएमए ने नए अपडेट में बताया है कि नेपाल में मारे गए लोगों की संख्या बढ़कर 579 हो गई है.
अधिकारियों का कहना है कि अब तक क़रीब 4000 लोगों को बचाया जा चुका है.
कर्नाटक सरकार में मंत्री बी नागेंद्र ने इस्तीफ़ा देने का किया एलान, इमरान क़ुरैशी,बेंगलुरु से बीबीसी हिंदी के लिए
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, कर्नाटक के मंत्री बी नागेंद्र ने 3 अगस्त को मंत्री पद की शपथ ली थी
कर्नाटक के मंत्री बी नागेंद्र ने कांग्रेस सरकार से इस्तीफ़ा देने का एलान किया है.
मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने उन्हें योजना और सांख्यिकी मंत्रालय की ज़िम्मेदारी सौंपी थी, इसके 25 दिन बाद ही नागेंद्र ने इस्तीफ़े की घोषणा की है.
नागेंद्र के इस्तीफ़े की मांग तब शुरू हुई, जब विपक्षी बीजेपी और जेडीएस ने कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि अनुसूचित जनजाति विकास निगम घोटाले में उनकी कथित संलिप्तता को लेकर विधानसभा सत्र में हंगामा किया.
दिल्ली से लौटने के तुरंत बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में नागेंद्र ने कहा, "मैं दलित हूं, इसलिए विपक्षी बीजेपी ने मुझे निशाना बनाया है."
मुख्यमंत्री शिवकुमार गुरुवार को दिल्ली गए थे, जहां उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के साथ नागेंद्र के इस्तीफ़े को लेकर चर्चा की थी.
नागेंद्र का इस्तीफ़ा ऐसे समय में आया है, जब विपक्षी बीजेपी और जेडीएस ने रायचूर से बल्लारी तक पदयात्रा निकालने की धमकी दी थी. बेल्लारी नागेंद्र का गृह ज़िला है.
नागेंद्र ने 3 अगस्त को मंत्री पद की शपथ ली थी. उस समय मुख्यमंत्री शिवकुमार ने 18 अन्य मंत्रियों को शामिल कर अपने मंत्रिमंडल का विस्तार किया था.
निगम के लेखा अधीक्षक के सुसाइड नोट के आधार पर 88 करोड़ रुपये के गबन का मामला सामने आने के बाद नागेंद्र ने इससे पहले भी 6 जून 2024 को अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री के पद से इस्तीफ़ा दिया था.
आरोप है कि यह पैसा तेलंगाना और कर्नाटक की अलग-अलग कंपनियों को ट्रांसफ़र किया गया था.
यह पैसा यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया के खाते से ट्रांसफ़र किया गया था. बैंक की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने मामले की जांच शुरू की थी.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में नागेंद्र ने आरोप लगाया, "पहली चार्जशीट में मेरे नाम का ज़िक्र तक नहीं था. सीबीआई ने दूसरी चार्जशीट में मेरा नाम शामिल किया, जबकि राज्य सीआईडी और एसआईटी ने मुझे क्लीन चिट दे दी थी."
मुख्यमंत्री शिवकुमार पहले ही कह चुके हैं कि नागेंद्र पार्टी के लिए एक मज़बूत व्यक्ति हैं.
चीन के प्रधानमंत्री ने बाढ़ प्रभावित तिब्बती क्षेत्र का दौरा किया
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, चीन के प्रधानमंत्री ली केकियांग ने अधिकारियों के साथ बाढ़ प्रभावित इलाक़ों का दौरा किया है
चीन के प्रधानमंत्री ली केकियांग और अन्य अधिकारियों ने बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित नेपाल की
सीमा के पास स्थित ग्यिरोंग काउंटी का दौरा किया है.
चीनी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार, राष्ट्रपति शी
जिनपिंग ने ली को वहां चल रहे बचाव और इमर्जेंसी रेस्पांस अभियान का नेतृत्व
करने के लिए भेजा है.
बुधवार को आई विनाशकारी बाढ़ ने
नेपाल में जान-माल का व्यापक नुकसान पहुंचाया है.
नेपाल की ओर 550
से अधिक लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है,
जबकि लगभग 1,000 लोग अभी भी लापता हैं.
चीनी सरकारी मीडिया के अनुसार,
तिब्बती हिस्से में कम से कम पांच लोगों की मौत
हो गई है और विदेशी पर्यटकों सहित 500 से अधिक
लोग लापता हैं.
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, काठमांडू में चीन के दूतावास ने कहा है कि राहत और बचाव कार्य अब महत्वपूर्ण चरण में पहुंच गया है
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, बाढ़ की वजह से बड़े पैमाने पर तबाही हुई है
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, बाढ़ से प्रभावित इलाक़े बहुत दुर्गम हैं इसलिए राहत और बचाव कार्य की मुश्किलें और बढ़ गई हैं
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, राहत और बचाव के लिए अनुभवी टीमों को लगाया गया है
इमेज स्रोत, Xinhua/RSS
इमेज कैप्शन, चीन के प्रधानमंत्री ली केकियांग ने प्रभावित लोगों से मुलाक़ात की
नेपाली सेना ने रसुवा सुरंग से लोगों को बचाने का अभियान किया तेज़, तस्वीरों में दिखी बाढ़ की भयावहता
इमेज स्रोत, PMO Nepal
इमेज कैप्शन, रसुवा जलविद्युत परियोजना में काम करने वाले कई श्रमिक फंस गए थे
नेपाल और तिब्बत की सीमा के पास स्थित रसुवा में एक जलविद्युत परियोजना के सुरंग में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित निकालने का अभियान सेना ने तेज़ कर दिया है.
नेपाल के प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से साझा किए गए वीडियो में देखा जा सकता है कि सैनिक, लोगों को कंधे पर उठाकर ले जा रहे हैं. और कीचड़ की मोटी परतों के बीच रेंगकर दूसरे लोगों तक पहुंचते नज़र आ रहे हैं.
इमेज स्रोत, PMO Nepal
इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री कार्यालय ने कहा कि नेपाली सेना ने शुक्रवार सुबह से ही रसुवा जलविद्युत परियोजना की सुरंग में फंसे लोगों को बचाने के लिए बचाव अभियान तेज़ कर दिया है
इमेज स्रोत, PMO Nepal
इमेज कैप्शन, नेपाली सेना की टीम ने 'जटिल भूगोल और जोखिम भरी परिस्थितियों के बावजूद' उस स्थान से दो लोगों को सुरक्षित बचाया
इमेज स्रोत, PMO Nepal
इमेज कैप्शन, सुरंग में कठिन परिस्थितियों के बावजूद, सेना तकनीकी उपकरणों और विशेष रूप से प्रशिक्षित टीमों को जुटाकर बाकी बचे लोगों की खोज और बचाव का अभियान जारी रखे हुए है
इमरान ख़ान के समर्थन में उतरे ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस, बोले- उम्मीद है मेडिकल जांच पूरी होगी
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, ऑस्ट्रेलिया के क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस ने पूर्व क्रिकेटर और पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान की सेहत को लेकर चिंता जताई है
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री
इमरान ख़ान के स्वास्थ्य को लेकर आवाज़ उठाने वाले क्रिकेट जगत के दिग्गजों में
ऑस्ट्रेलिया के टेस्ट और वनडे क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस का नाम भी शामिल हो गया है.
शुक्रवार को पेट कमिंस ने अपने एक्स
हैंडल पर ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट के पूर्व कप्तान ग्रेग चैपल का एक वीडियो साझा करते
हुए लिखा, “मैं यहां जीसी (ग्रेग चैपल) और अन्य पूर्व अंतरराष्ट्रीय
कप्तानों के समर्थन में अपनी बात जोड़ना चाहता हूं. मुझे उम्मीद है कि अदालत के
आदेश पर होने वाली मेडिकल जांच को पूरा होने दिया जाएगा और परिवार से मुलाकातें
जारी रहेंगी.”
उन्होंने कहा, “मुझे उम्मीद है कि इमरान ख़ान के साथ उसी सम्मान
के साथ व्यवहार किया जाएगा, जिसका हक़दार
हर व्यक्ति है.”
बीते बुधवार को ग्रेग चैपल ने एक
पॉडकास्ट में इमरान ख़ान के स्वास्थ्य को लेकर चिंता जताई थी.
इसमें उन्होंने कहा था, “वह (इमरान ख़ान) बीते तीन सालों से अकेले हैं और मैं नहीं जानता कि
कोई इस तरह के अकेलेपन से कैसे निपट सकता है. जिनके भी ख़िलाफ़ उन्होंने क्रिकेट
खेला वो सभी जानते हैं कि वह शारीरिक और मानसिक रूप से कितने स्ट्रांग हैं. लेकिन
ये पता नहीं है कि बीते तीन सालों से पूरी तरह से एकाकीपन को वो कैसे झेल रहे
होंगे.”
ग्रेग चैपल
ने कहा, “यह कोई राजनीतिक बात
नहीं है, यह मानवाधिकार का मुद्दा है. किसी को भी इस तरह से एकाकीपन में नहीं रखा
जाना चाहिए.”
दरअसल इसी हफ़्ते क्रिकेट जगत के 22
पूर्व कप्तानों ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री
शहबाज़ शरीफ़ को एक पत्र लिखा था और इमरान ख़ान को उचित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध
कराने की मांग की थी.
क्रिक इन्फ़ो के मुताबिक़, "इस पत्र में भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, वेस्टइंडीज़ और न्यूज़ीलैंड के पूर्व कप्तान शामिल थे. यह पूर्व 14 कप्तानों की ओर से फ़रवरी में लिखे गए पिछले पत्र के बाद भेजा गया था. उस पत्र का पाकिस्तान सरकार की ओर से कोई जवाब नहीं मिला था."
चीन की ओर कितने भारतीय फंसे हैं, विदेश मंत्रालय ने बताया
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने शुक्रवार को प्रेस ब्रीफ़िंग में ताज़ा अपडेट दिए हैं
बुधवार को तिब्बत-नेपाल में आए भीषण बाढ़ और भूस्खलन के बाद कई भारतीय चीन में फंस गए थे, जिसके बारे में भारत सरकार ने जानकारी साझा की है.
शुक्रवार को एक प्रेस ब्रीफ़िंग में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, "हमें पता चला है कि चीन की तरफ फंसे 96 भारतीय नागरिक सुरक्षित रूप से ज़मीन के रास्ते नेपाल पहुंच गए हैं. उन्हें वहां से निकालने के प्रयास जारी हैं."
उन्होंने कहा, "चीन की तरफ़ 400 भारतीय नागरिक हैं. वे सुरक्षित हैं. उन्होंने अपने परिवारों से संपर्क किया है, क्योंकि मुझे बताया गया है कि उस तरफ़ फ़ोन काम कर रहे हैं. हमारा दूतावास उनमें से कई लोगों, खासकर उनके टीम लीडरों और ट्रैवल एजेंट के संपर्क में है."
प्रवक्ता ने ये भी बताया कि तमिलनाडु के 21 लोगों को शुक्रवार को इंडिगो की उड़ान से दिल्ली सुरक्षित लाया गया है. काठमांडू में इन लोगों ने भारत के राजदूत से मुलाक़ात की थी.
उन्होंने बताया कि त्रिशूली-1 जलविद्युत परियोजना में काम कर रहे 63 भारतीय नागरिकों को गुरुवार को बचा लिया गया है.
रणधीर जायसवाल ने लापता लोगों के बारे में कहा, "जहां तक उन लोगों की संख्या का सवाल है, जिनसे हम संपर्क नहीं कर पा रहे हैं या जो लापता हैं, इस समय यह संख्या 320 है."
उन्होंने साथ ही संख्या को लेकर सावधानी बरतने की भी बात कही क्योंकि स्थिति लगातार बदलने की वजह से आंकड़े बढ़ते-घटते रहते हैं.
उन्होंने ये भी बताया, "भारतीय मूल के ऐसे क़रीब 100 लोग हैं जो किसी अन्य देश की नागरिकता वाले हो सकते हैं और कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए गए हों."
रणधीर जायसवाल ने कहा, "यहां विदेश मंत्रालय का नियंत्रण कक्ष चौबीसों घंटे काम कर रहा है. इसी तरह काठमांडू में हमारे दूतावास और बीजिंग में हमारे दूतावास के नियंत्रण कक्ष भी लगातार काम कर रहे हैं."
नेपाल बाढ़ की त्रासदी को लेकर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने क्यों मांगी माफ़ी
इमेज स्रोत, @ShashiTharoor
इमेज कैप्शन, शशि थरूर ने नेपाल के वित्त मंत्री स्वर्णिम वागले से मुलाक़ात की तस्वीर शुक्रवार को अपने एक्स अकाउंट पर शेयर की थी
नेपाल में विनाशकारी बाढ़ को लेकर
पहले की गई अपनी टिप्पणी पर कांग्रेस के सांसद शशि थरूर ने शुक्रवार को माफ़ी मांगी है.
शशि थरूर ने एक्स पर लिखा, "मेरे नेपाल से किए गए पहले ट्वीट में 'ड्रामा' शब्द के इस्तेमाल को लेकर नाराज़गी जताने वाले सभी लोगों के लिए,
इस शब्द का मतलब सिर्फ़ नाटकीय स्थिति
नहीं होता. इसकी एक परिभाषा 'ऐसी
स्थिति या घटनाओं की श्रृंखला भी है, जिसमें बहुत शक्तिशाली ताक़तें टकराती हैं.”
हालांकि “मैंने इसे इसी अर्थ में इस्तेमाल किया था.
हालांकि, मुझे ऐसे शब्द के चुनाव पर अफ़सोस है,
जिसका इतनी आसानी से गलत अर्थ निकाला
जा सकता है."
विनाशकारी बाढ़ आने से एक दिन पहले शशि
थरूर काठमांडू के लिए रवाना हुए थे.
बुधवार को उन्होंने एक्स पर रसुवागढ़ी
बॉर्डर पर हुई तबाही का एक वीडियो साझा किया और लिखा, “कल
काठमांडू में मौजूद लोग उस ड्रामा से पूरी तरह अनजान थे, जो पहाड़ी इलाकों में हुई थीं और जिनसे भारी तबाही हुई. उत्तरी नेपाल
के रसुवा ज़िले में तिब्बत सीमा के पास अचानक आई भीषण बाढ़ ने भोटेकोशी और
त्रिशूली नदियों ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई.”
बुधवार की भीषण बाढ़ के कारण नेपाल में अब तक 547 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है जबकि 977 लोग अभी भी लापता हैं, जिनमें आधे से अधिक विदेशी नागरिक हैं.
जबकि चीन की सरकारी मीडिया ने कहा है कि 558 लोग लापता हैं और पांच लोगों की मौत हुई है.
नेपाल बाढ़ः मरने वालों की संख्या 547 हुई, लापता लोगों में आधे से ज़्यादा विदेशी नागरिक
इमेज स्रोत, Ezra Acayan/Getty Images
इमेज कैप्शन, नेपाल के देवीघाट में बाढ़ के बाद भारी तबाही की तस्वीरें आ रही हैं
नेपाल के नेशनल डिज़ास्टर रिस्क
रिडक्शन एंड मैनेजमेंट अथॉरिटी (एनडीआरआरएमए) ने कहा है कि बचाव और राहत अभियान जारी रहने के बीच
अब तक 538 शव बरामद किए जा चुके हैं.
वहीं नेपाल पुलिस ने 547 लोगों की मौत की पुष्टि की है. इसके अलावा 1473 लोगों के घायल होने की बात कही है.
एनडीआरआरएमए के मुताबिक़, 977 लोग अब भी लापता हैं, जिनमें 517 विदेशी नागरिक शामिल हैं.
दरअसल दोनों एजेंसियां बचाव अभियान
के आगे बढ़ने के साथ अलग-अलग अपडेट जारी कर रही हैं.
नेपाल पुलिस ने कहा है कि उसके 4,473 कर्मी राहत और बचाव कार्य में लगे हुए हैं.
नेपाल टूरिज़्म बोर्ड ने कहा है कि विनाशकारी
बाढ़ के बाद कम से कम 121 विदेशी
नागरिकों को बचाया गया है.
बोर्ड के मुताबिक़, बचाए गए लोगों में 85 भारतीय नागरिक, 16 चीनी नागरिक और नौ दक्षिण कोरियाई नागरिक शामिल हैं. तीन लोगों की
राष्ट्रीयता की पुष्टि नहीं हो पाई है.
बाढ़ को लेकर चीन के राष्ट्रपति ने इमर्जेंसी मीटिंग की, नेपाल में मदद को लेकर हुआ फ़ैसला
इमेज स्रोत, Reuters
इमेज कैप्शन, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने बाढ़ के हालात को लेकर एक इमर्जेंसी मीटिंग की है
चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने तिब्बत और नेपाल में आई जानलेवा बाढ़ के बाद बचाव अभियान के तालमेल के लिए अधिकारियों के साथ आपात बैठक की.
चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के मुताबिक़, बैठक में राहत और बचाव कार्यों पर चर्चा की गई.
रिपोर्टों के मुताबिक़, अधिकारियों ने फ़ैसला किया कि खोज और बचाव अभियान को 'वैज्ञानिक तरीके से तैयार किया जाना चाहिए, ताकि लापता चीनी और विदेशी नागरिकों को खोजने में कोई कसर न छोड़ी जाए.'
शिन्हुआ के मुताबिक़, बैठक में कहा गया कि नेपाल के प्रभावित इलाकों में 'मदद पहुंचाई जानी चाहिए' और 'अंतरराष्ट्रीय बचाव में सहयोग किया जाना चाहिए.'
एजेंसी ने बताया कि चीन 'नेपाल के आपदा प्रभावित इलाके में आपातकालीन सहायता पहुंचाएगा.'
अभिषेक बनर्जी और डेरेक ओ'ब्रायन समेत टीएमसी के कई नेताओं पर एफ़आईआर दर्ज
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, अवैध होर्डिंग हटाने के दौरान विवाद और पुलिस को रोकने के कारण दर्ज हुआ मुक़दमा
कोलकाता पुलिस ने टीएमसी नेता डेरेक ओ'ब्रायन, अभिषेक बनर्जी समेत कई लोगों के ख़िलाफ़ एफ़आईआर दर्ज की है.
मामला कोलकाता के कैमक स्ट्रीट स्थित 9 नंबर परिसर में कथित तौर पर अवैध होर्डिंग हटाने के दौरान हुए विवाद से जुड़ा है.
पुलिस के मुताबिक, 27 अगस्त को कोलकाता नगर निगम के अधिकारियों के साथ पुलिस की टीम मौके पर पहुंची थी. नगर निगम ने अवैध होर्डिंग हटाने के लिए पुलिस से सुरक्षा मांगी थी.
पुलिस का आरोप है कि डेरेक ओ'ब्रायन, अभिषेक बनर्जी, हुमायूं कबीर, बैसणोर चट्टोपाध्याय और अन्य लोगों ने अपने समर्थकों के साथ मिलकर कथित तौर पर गै़रक़ानूनी तरीक़े से भीड़ जुटाई और पुलिसकर्मियों और केएमसी अधिकारियों को उनके काम से रोकने की कोशिश की.
इस मामले में शेक्सपियर सारणी पुलिस स्टेशन में बीएनएस की धारा 191(2), 191(3), 190, 121(1), 74, 3(5) और 351(2) के तहत केस दर्ज किया गया है.
पुलिस ने यह कार्रवाई कथित तौर पर सरकारी काम में बाधा डालने और पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट या बदसलूकी के आरोपों के संबंध में की है.
उधर, टीएमसी सांसद डेरेक ओ'ब्रायन ने पुलिस अधिकारियों पर धक्का मुक्की करने के आरोप लगाए.
दरअसल, गुरुवार शाम को टीएमसी कार्यालय में
अफरा-तफरी का माहौल देखने को मिला था. भारी भीड़ में पार्टी सांसद डेरेक ओ'ब्रायन सीढ़ियों पर गिरते हुए नज़र आए.
मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने
कहा था, "साढ़े तीन बजे कोलकाता नगर निगम अवैध
नोटिस लेकर आया, जिसे कोलकाता पुलिस का समर्थन हासिल
था. नोटिस पर हस्ताक्षर नहीं थे. नोटिस में कहा गया था कि एक तस्वीर संलग्न है,
लेकिन कोई तस्वीर नहीं थी. नोटिस में कोई विवरण
भी नहीं था... डेढ़ घंटे से ज़्यादा समय तक हमने उन्हें समझाने की कोशिश की. इसके
बाद वे अवैध तरीक़े से इमारत में घुस गए. 150 से ज़्यादा पुलिस अधिकारी वहां अंदर चले गए. उन्होंने सीढ़ियों पर
हमें धक्का दिया और हमारे साथ धक्का-मुक्की की."
चीन के सरकारी मीडिया ने कहा- तिब्बत में 558 लोग लापता, झील के टूटने का 'हाई रिस्क'
इमेज स्रोत, VCG via Getty Images
इमेज कैप्शन, कृत्रिम झील के एक हिस्से के टूटने का हाई अलर्ट जारी किया गया है
बीते बुधवार को आई बाढ़ के कारण तिब्बत में पांच लोगों की मौत हो गई है. चीन के सरकारी मीडिया के मुताबिक़, 558 लोग अभी भी लापता हैं.
बीबीसी नेपाली के अनुसार, चीन नेतिब्बत में लापता 558 लोगों की जानकारी सार्वजनिक कर दी है.
उधर, चीन ने चेतावनी दी है कि हाल में हुए भूस्खलन के बाद बनी एक झील के टूटने का जोखिम बहुत ज़्यादा है. इससे नीचे की ओर एक और बाढ़ आ सकती है.
सरकारी प्रसारक सीसीटीवी के मुताबिक़, शुक्रवार तक नेपाल-तिब्बत सीमा के पास बनी इस बैरियर झील में अनुमानित 25 लाख घन मीटर पानी जमा हो चुका था.
बैरियर झील उस जलाशय को कहा जाता है, जो मलबे के कारण नदी का रास्ता रुकने से बनता है.
चीन के जल संसाधन मंत्रालय के मुताबिक़, छोछेन खोला और पुरेपु त्सांगपो नदियों के संगम पर बनी यह झील गुरुवार को उफान लेने लगी थी.
अधिकारियों का कहना है कि गुरुवार से सप्ताहांत के बीच करीब 30 लाख घन मीटर पानी झील में आने की आशंका है. इससे झील का किनारा टूटने का 'हाई रिस्क' है.
अब मुझे यानी बीबीसी संवाददाता अरशद मिसाल को इजाज़त दीजिए. अब से रात दस बजे तक बीबीसी संवाददाता संदीप राय आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.
बीबीसी हिन्दी के पेज पर मौजूद कुछ बड़ी ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए हुए लिंक्स पर क्लिक करें.
नेपाल में फ़्लैश फ़्लड से 489 लोगों की मौत, रासुवा और नुवाकोट सबसे ज़्यादा प्रभावित
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, पुलिस के मुताबिक सबसे ज़्यादा शव चितवन ज़िले में मिल हैं
नेपाल पुलिस के मुताबिक, बुधवार को आई भीषण बाढ़ में अब तक 489 लोगों की मौत हो चुकी है.
पुलिस ने बताया कि बाढ़ से सबसे ज़्यादा प्रभावित रासुवा और नुवाकोट ज़िलों से शव बरामद किए गए हैं. हालांकि, बड़ी संख्या में शव चितवन ज़िले में मिले हैं.
चितवन से होकर त्रिशूली नदी गुज़रती है, जो आगे जाकर सेती गंडकी नदी में मिलती है. बाढ़ के तेज़ बहाव के चलते शव बहकर चितवन तक पहुंचने की आशंका है.
नेपाल में फ़्लैश फ़्लड और भूस्खलन के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है. कई इलाक़ों में भारी तबाही के कारण बचाव टीमों को प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है.
नेपाल में लापता विदेशी नागरिकों की सूची जारी, इनमें 178 भारतीय
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, बुधावार को तिब्बत में ग्लेशियल झील के फटने के बाद नेपाल के नुवाकोट में बाढ़ से क्षतिग्रस्त हाईवे
नेपाल सरकार ने बुधवार को आई भीषण बाढ़ के बाद अब तक लापता विदेशी नागरिकों की सूची जारी की है. इस आपदा में 489 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है.
सरकार की ओर से जारी सूची में 537 विदेशी नागरिकों के नाम, जन्मतिथि और उनकी राष्ट्रीयता दी गई है. ये सभी लोग बाढ़ आने के बाद से संपर्क में नहीं हैं.
लापता लोगों में सबसे ज्यादा 178 भारतीय नागरिक शामिल हैं. इसके अलावा 65 अमेरिकी, 53 यूक्रेनी, 51 मलेशियाई, 33 ऑस्ट्रेलियाई और 33 ब्रिटिश नागरिक भी सूची में शामिल हैं.
नेपाल में बुधवार को आई फ्लैश फ्लड और भूस्खलन ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है. कई इलाक़ों में सड़कें और पुल बह गए हैं, जिससे राहत और बचाव अभियान प्रभावित हुआ है.
अधिकारियों की ओर से लापता लोगों की तलाश जारी है और प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए सेना और हेलिकॉप्टरों की मदद ली जा रही है.
नेपाल फ़्लैश फ़्लड: बचाव अभियान पर क्या बोले नेपाल के विपक्षी नेता
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, नेपाली संसद के प्रतिनिधि सभा में विपक्ष के नेता भीष्म राज आंगदेम्बे
नेपाल में बाढ़ के बाद बने गंभीर हालात के बीच प्रतिनिधि सभा में विपक्ष के नेता भीष्म राज आंगदेम्बे ने कहा कि इलाक़े की भौगोलिक स्थिति और ख़राब मौसम राहत और बचाव अभियान के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं.
उन्होंने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा, "इन चुनौतियों के बावजूद सेना और सभी हेलिकॉप्टर टीमें पूरी तरह अभियान में जुटी हुई हैं."
उन्होंने कहा कि ऊपर की तरफ हालात को देखते हुए प्रशासन तुरंत ज़रूरी कदम उठा रहा है. संघीय, प्रांतीय और स्थानीय सरकारें मिलकर राहत और बचाव का काम कर रही हैं.
आंगदेम्बे के मुताबिक, अभियान में सेना के दो हेलिकॉप्टरों के अलावा प्राइवेट हेलिकॉप्टर भी लगाए गए हैं.
उन्होंने कहा कि उपलब्ध सभी संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है.
उन्होंने लोगों को हालात की जानकारी लगातार दिए जाने की बात कही.
नेपाल में बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 475 हुई
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, नेपाल पुलिस ने यह भी बताया कि बचाव और तलाशी अभियान जारी हैं
नेपाल पुलिस का कहना है कि शुक्रवार को स्थानीय समय के अनुसार सुबह 9 बजे तक, रसुवा ज़िले में बुधवार को आई बाढ़ की वजह से 475 लोगों की मौत हो चुकी है.
पुलिस ने यह भी बताया कि बचाव और तलाशी अभियान जारी हैं, साथ ही प्रभावित इलाकों में "रास्ते से मलबा हटाने" की कोशिशें भी चल रही हैं.
नेपाल की सेना का कहना है कि उसने बाढ़ से सबसे ज़्यादा प्रभावित इलाकों से 900 लोगों को बचाया है. सबसे प्रभावित इलाक़ों में रसुवा और नुवाकोट ज़िले शामिल हैं.
बचाए गए लोगों में 92 भारतीय समेत 119 विदेशी नागरिक शामिल हैं.
फ्लैश फ्लड: तिब्बत में बचाव अभियान क्यों रोका गया, अब किस बात का डर?, लौरा बिकर, बीबीसी संवाददाता
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, चीनी सरकारी मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, इलाक़े में मौजूद बचाव दलों को फिलहाल अपना अभियान रोकने के निर्देश दिए गए हैं
तिब्बत में चीनी अधिकारियों ने राहत और बचाव अभियान फ़िलहाल रोक दिया है. अधिकारियों को डर है कि भूस्खलन के बाद मलबे के बीच बनी झील के पानी का स्तर बढ़ने से आने वाले दिनों में फिर से बाढ़ आ सकती है.
अधिकारी नेपाल और तिब्बत के बीच स्थित ग्यिरोंग पोर्ट के ऊपर की तरफ पानी के बढ़ते स्तर पर लगातार नज़र रख रहे हैं. बुधवार को हुए भूस्खलन के दौरान कीचड़ और पानी के तेज़ बहाव ने इस सीमा क्षेत्र को बुरी तरह प्रभावित किया था.
कई घंटों से हो रही भारी बारिश के बाद मलबे के बीच बनी झील का पानी लगातार बढ़ रहा है. अधिकारियों को आशंका है कि अगर झील का पानी किनारों से बाहर निकल गया, तो आने वाले दिनों में नीचे के इलाकों में फिर भारी बाढ़ आ सकती है.
चीनी सरकारी मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, इलाक़े में मौजूद बचाव दलों को फिलहाल अपना अभियान रोकने के निर्देश दिए गए हैं.
रिपोर्टों के मुताबिक, सीमा के तिब्बत वाले हिस्से में 550 से ज़्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं. इनमें करीब 260 विदेशी नागरिक शामिल हैं. लापता लोगों में वे श्रद्धालु भी शामिल हैं, जो तिब्बत के पवित्र माउंट कैलाश की यात्रा पर जा रहे थे.
झील से बढ़ते ख़तरे की वजह से अब राहत और बचाव टीमों के सामने दोहरी चुनौती है. एक तरफ लापता लोगों की तलाश और दूसरी तरफ संभावित नई बाढ़ से लोगों को सुरक्षित रखना.
कौन हैं श्रीलंकाई क्रिकेटर सोनल दिनुषा, जिनकी भारत में भी जमकर हो रही तारीफ़
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, भारत और श्रीलंका के बीच खेले गए दूसरे मैच में श्रीलंकाई बल्लेबाज़ सोनल दिनुषा ने दोनों पारियों में कुल 236 रन बनाए.
कोलंबो में भारत और श्रीलंका के बीच खेला गया दूसरा टेस्ट रोमांचक मुकाबले के बाद ड्रॉ हो गया. श्रीलंकाई बल्लेबाज़ सोनल दिनुषा की शानदार बैटिंग के बाद भारत में भी उनकी जमकर तारीफ़ हो रही है.
दूसरे मैच में इस श्रीलंकाई बल्लेबाज़ ने दोनों पारियों में कुल 236 रन बनाए. वहीं उन्होंने 426 गेंदें खेलकर मैच को बचा लिया.
उनके इस शानदार बल्लेबाज़ी के बाद भारतीय कोच गौतम गंभीर ने भी उन्हें बधाई दी.
वहीं भारत के पूर्व बल्लेबाज़ संजय मांजरेकर ने उनकी तारीफ़ करते हुए लिखा, "मैच न जीत पाने के लिए कोई भी भारत पर उंगली नहीं उठा सकता. उन सभी उंगलियों को एक साथ लाइए और श्रीलंकाई के खास खिलाड़ी सोनल दिनुषा के लिए तालियां बजाइए."
वहीं बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने भी इस खिलाड़ी की तारीफ़ की, उन्होंने एक्स पर लिखा, "श्रीलंका का यह खिलाड़ी कमाल का है. यह तेंदुलकर जैसा दिखता है. इंटरनेशनल क्रिकेट में यह एक बेहतरीन टेस्ट खिलाड़ी बन सकता है."
26 साल के दिनुषा ने श्रीलंका के लिए 2024 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया. उन्हें श्रीलंका के उभरते हुए प्रतिभाशाली ऑलराउंडरों में गिना जाता है.
दूसरे मैच में भारत ने पहली पारी में नौ विकेट के नुक़सान पर 503 रन बनाकर पारी घोषित की, जबकि श्रीलंका की पहली पारी 290 रन पर सिमट गई. इसके बाद भारत ने फॉलोऑन दिया.
दूसरी पारी में श्रीलंका ने शानदार वापसी करते हुए 9 विकेट के नुक़सान 429 रन बनाए और भारत को जीत से रोक दिया.
हालांकि भारत ने इस 2 मैचों वाली सिरीज़ को 1-0 से अपने नाम कर लिया है.
नेपाल में बाढ़ के बाद यूपी के महराजगंज और कुशीनगर में मिले शव, गौरव गुलमोहर, बीबीसी हिन्दी के लिए
इमेज स्रोत, Gaurav Gulmohar
इमेज कैप्शन, सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की बचाव टीम ने नदी में निगरानी के दौरान शवों को बहते हुए देखा
नेपाल में बाढ़ का असर अब भारत के सीमावर्ती इलाक़ों में भी दिखने लगा है. उत्तर प्रदेश के महराजगंज में गंडक (नारायणी) नदी से चार शव और कुशीनगर में तीन शव बरामद किए गए हैं.
अधिकारियों के मुताबिक़, इनमें पांच महिलाएं और दो पुरुष हैं. आशंका है कि ये शव नेपाल में आई भीषण बाढ़ के दौरान नदी में बह गए और तेज़ बहाव के साथ भारत की तरफ़ आ गए.
सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की बचाव टीम ने नदी में निगरानी के दौरान शवों को बहते हुए देखा.
टीम ने मोटरबोट की मदद से इन्हें नदी से बाहर निकाला और महराजगंज और कुशीनगर जिला मुख्यालय को भेज दिया है. अभी तक शवों की पहचान नहीं हो सकी है.
निचलौल तहसील के उपजिलाधिकारी सिद्धार्थ गुप्ता ने बीबीसी हिन्दी से बताया, "गुरुवार की दोपहर में चार शव गंडक नदी से बरामद हुए हैं. जिसमें तीन महिलाएं और एक पुरुष हैं. बहुत संभावना है कि शव अपस्ट्रीम यानी नेपाल से बहकर आये हैं."
उन्होंने बताया, "अभी तक शवों की पहचान नहीं हो सकी है. हम लगातार नेपाल एडमिनिस्ट्रेशन के सम्पर्क में हैं. नदी के किनारे एसडीआरएफ़, आरआरटी और एसएसबी की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं."
एसएसबी, महराजगंज और कुशीनगर ज़िला प्रशासन नेपाल के संबंधित अधिकाोरियों के संपर्क में हैं, ताकि मृतकों की पहचान और उनके परिजनों का पता लगाया जा सके.
कुशीनगर अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ वर्मा ने बीबीसी हिन्दी को बताया, "कुशीनगर में तीन शव बरामद हुए हैं. जिनमें दो महिला और एक पुरुष हैं. तीनों शवों को फ्रीजर में संरक्षित किया गया है. पहचान करने की प्रक्रिया चल रही है."
नेपाल में भारी बारिश और बाढ़ के बाद गंडक नदी का बहाव तेज़ है. अधिकारियों ने आशंका जताई है कि आने वाले समय में और शव भारत की ओर बहकर आ सकते हैं.
महराजगंज और कुशीनगर प्रशासन ने नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
ब्रेकिंग न्यूज़, नेपाल में बाढ़ से मरने वालों की संख्या 469 पहुंची
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, बुधवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले के त्रिशूली में अचानक आई बाढ़ और मिट्टी धंसने की घटना के बाद, भारी मशीनरी की मदद से एक बुज़ुर्ग सर्वाइवर को सुरक्षित जगह पर पहुंचाया गया
नेपाल में बुधवार को आई बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 469 हो गई है. नेपाल पुलिस ने शुक्रवार को ये जानकारी दी.
वहीं चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने बताया है कि तिब्बत में बाढ़ के कारण फंसे 555 पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है.
इस बीच, भारत, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका ने कहा है कि इस आपदा के बाद उनके कुछ नागरिक लापता हैं. ऐसे में यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि लापता लोगों में से कोई तिब्बत की तरफ तो नहीं फंसा हुआ है.
नेपाल-तिब्बत सीमा पर बाढ़ और भूस्खलन के चलते हालात लगातार चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं और राहत-बचाव अभियान जारी है.
नेपाल में आई बाढ़ के बाद की कुछ तस्वीरें-
इमेज स्रोत, AP Photo/Niranjan Shrestha
इमेज कैप्शन, बुधवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले में त्रिशूली नदी के किनारे अचानक आई बाढ़ से हुई तबाही को देखता एक लड़का
इमेज स्रोत, REUTERS/Navesh Chitrakar
इमेज कैप्शन, शुक्रवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले के त्रिशूली में अचानक आई बाढ़ के बाद लोग अपने घरों के आस-पास का मलबा हटाने की कोशिश कर रहे हैं
इमेज स्रोत, Reuters
इमेज कैप्शन, 27 अगस्त को नेपाल-तिब्बत सीमा के पास अचानक आई बाढ़ और मिट्टी धंसने की घटना के बाद नेपाली सेना के जवान एक सर्वाइवर को स्ट्रेचर पर ले जाते हुए दिख रहे हैं